Danik Bhaskar National News #educratsweb
HOME | LATEST JOBS | JOBS | CONTENTS | STUDY MATERIAL | CAREER | NEWS | BOOK | VIDEO | PRACTICE SET REGISTER | LOGIN | CONTACT US

Danik Bhaskar National News

https://www.bhaskar.com/rss-feed/2322/ 👁 59256

बटलर को रनआउट कर विवादों में अश्विन; बीसीसीआई ने कहा-उन्हें खेल की मर्यादा बनाए रखनी थी


नई दिल्ली.राजस्थान रॉयल्स और किंग्स इलेवन पंजाब के बीच खेले गए मैच में जोस बटलर के रनआउट को लेकर रविचंद्रन अश्विन की आलोचना हो रही है। अश्विन की बॉलिंग के दौरान बटलर क्रीज से आगे निकल गए। इसी दौरान अश्विन ने उन्हें रनआउट कर दिया था। इस तरह के रनआउट को 'मांकड़िंग' कहा जाता है। आईपीएल चेयरमैन राजीव शुक्ला ने कहा कि फ्रेंचाइजीकी टीमों के कप्तान और मैच रेफरी इस तरह से रनआउट के खिलाफ थे। यह एक मीटिंग में तय हुआ था और इसमें विराट कोहली और महेंद्र सिंह धोनी भी मौजूद थे। हालांकि, अश्विन ने कहा कि यह सहज प्रतिक्रिया थी, इसमें खेलभावना कहां से आ गई?बीसीसीआई के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने भी कहा कि अश्विन को खेल की मर्यादा बनाए रखनी चाहिए थी।


राजीव शुक्ला ने ट्वीट किया- कप्तानों, मैच रेफरी के बीच मीटिंग हुई थी। यहां मैं भी आईपीएल चेयरमैन के तौर पर मौजूद था। यहां तय हुआ था कि अगर कोई नॉन स्ट्राइक बल्लेबाज गेंदबाजी के वक्त क्रीज से आगे निकल जाता है, तो उसे रनआउट नहीं किया जाएगा। यह खेलभावना के चलते तय हुआ था। जहां तक मुझे याद है आईपीएल के एक एडिशन की शुरुआत के वक्त यह मीटिंग कोलकाता में हुई थी।इसमें धोनी और कोहली भी मौजूद थे।

बल्लेबाज को आउट करने के लिए क्रिकेटिंग स्किल्स का ही इस्तेमाल हो : बीसीसीआई

बीसीसीआई के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने कहा कि मैदान पर बल्लेबाज को आउट करने के लिए सिर्फ क्रिकेटिंग स्किल्स का ही इस्तेमाल होना चाहिए। इससे क्रिकेट देखने और सीखने वालों को सही संदेश जाएगा।उन्होंने कहा, ‘मैच अधिकारी इस मुद्दे को हल करते समय अपनी ड्यूटी नहीं निभा पाए। स्थितियों से समझौता किए बगैर यदि नियमों का पालन किया जाता तो बटलर को आउट नहीं दिया जाना चाहिए था। अश्विन को भी नियम और खेल भावना अपने दिमाग में रखनी चाहिए थी।’

उन्होंने कहा, ‘एक खिलाड़ी को बल्लेबाज को आउट करने के लिए क्रिकेटिंग स्किल्स का इस्तेमाल करना चाहिए, ना कि शैडी स्किल्स (धोखेबाजी) से। यदि बल्लेबाज फायदा उठा रहा है तो एक जेंटलमैन की तरह उससे सही तरीके से निपटें। प्रतिस्पर्धा बहुत अच्छी बात है, लेकिन एक मर्यादा का स्तर बनाए रखा जाना चाहिए।’

13वें ओवर में अश्विन ने बटलर को रनआउट किया था
मैच के दौरान 184 रनों के लक्ष्य का पीछा कर रही रॉयल्स की टीम 69 रन पर खेल रहे बटलर की क्रीज पर मौजूदगी के चलते मजबूत नजर आ रही थी। अश्विन पारी का 13वां ओवर फेंकने आए। वे5वीं गेंद फेंकते-फेंकते रुक गए और इसी दौरान बटलर क्रीज से आगे निकल गए। अश्विन ने उन्हें रनआउट कर दिया। इस तरह से आउट होने के बाद बटलर झल्लाहट में नजर आए। उनकी अश्विन से बहस भी हुई। यह मैच रॉयल्स हार गई।


क्रिकेटर्स ने अश्विन की निंदा की

शेन वार्न : पूर्व ऑस्ट्रेलियाई लेग स्पिनर ने कहा- रविचंद्रन अश्विन से कप्तान और व्यक्ति के तौर पर बेहद निराश हुआ हूं। सभी कप्तान आईपीएल वॉल पर हस्ताक्षर करते हैं और खेल भावना से मुकाबले पर सहमत होते हैं। अश्विन का गेंद फेंकने का इरादा बिल्कुल नहीं था। ऐसे में इसे डेडबॉल करार दिया जाना चाहिए। अब यह बीसीसीआई के ऊपर है, क्योंकि आईपीएल के लिए यह अच्छा नहीं है।

इयान मॉर्गन: इंग्लैंड के मध्यक्रम के बल्लेबाज ने कहा- आईपीएल में जो देख रहा हूं, उस पर मुझे यकीन नहीं हो रहा है। जो युवा खिलाड़ी आने वाले हैं, उनके लिए ये बेहद खराब उदाहरण है। मुझे लगता है कि अश्विन को माफी मांगनी चाहिए।

माइकल वॉन: इंग्लैंड के पूर्व कप्तान और सलामी बल्लेबाज ने कहा- अगर बटलर को चेतावनी दी गई होती तो यह ठीक होता। अगर उन्हें चेतावनी नहीं दी गई और यह पहली बार ही था, तो मुझे लगता है कि अश्विन ने ठीक नहीं किया। देखते हैं कि अब ऐसा कितनी बार होता है।


वीनू मांकड़ के नाम पर इस तरह के रनआउट को कहा जाता है 'मांकड़िंग' : इस तरह के रनआउट को "मांकड़िंग' पूर्व भारतीय कप्तान वीनू मांकड़ के नाम पर कहा जाता है। भारतीय टीम 1947 में ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर थी। मांकड़ बॉलिंग कर रहे थे और इस दौरान ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज बिल ब्राउन क्रीज से आगे निकल गए। मांकड़ ने उन्हें रनआउट कर दिया था। मांकड़ को भी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा था। हालांकि, तब ऑस्ट्रेलिया की कप्तानी संभाल रहे डॉन ब्रैडमैन ने उनका बचाव किया था। उन्होंने कहा था कि ऐसा क्यों हो रहा है, यह मैं समझ नहीं पा रहा हूं। क्रिकेट के नियम स्पष्ट हैं। बॉल फेंके जाने तक नॉन स्ट्राइक पर खड़े बल्लेबाज को क्रीज में रहना होता है।

दूसरी बार ‘मांकड़िंग’ हुए बटलर

यह दूसरी बार है जब जोस बटलर ‘मांकड़िंग’ हुए हैं। इससे पहले वे 2014 में श्रीलंका के खिलाफ वनडे में मांकड़िंग हुए थे। उन्हें तब गेंदबाज सचित्र सेनानायके ने गेंद फेंकने से पहले चेतावनी भी दी थी, लेकिन वे फिर भी क्रीज से बाहर निकल गए थे। उस समय बटलर 21 रन पर खेल रहे थे और इंग्लैंड का स्कोर 199 रन था। श्रीलंका ने वह मुकाबला 6 विकेट से जीता था।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
बटलर के रनआउट को लेकर अश्विन की आलोचना की जा रही है। - फाइल
Was decided in Virat Kohli, MS Dhoni presence not to Mankad batsmen: IPL Chairman Rajeev Shukla
Was decided in Virat Kohli, MS Dhoni presence not to Mankad batsmen: IPL Chairman Rajeev Shukla
अंपायर से नॉन-स्ट्राइकर इंड पर खड़े जोस बटलर को रन-आउट देने की अपील करते श्रीलंका के सचित्र सेनानायके। -फाइल

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/sports/cricket/news/jos-buttler-run-out-controversy-ipl-chairman-rajeev-shukla-statement-and-cricketers-01505849.html

सुप्रीम कोर्ट ने कहा- सीबीआई ने अतिगंभीर खुलासे किए, आदेश अभी देना संभव नहीं


नई दिल्ली. शारदा चिटफंड घोटाले में सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सीबीआई ने इस मामले में अतिगंभीर खुलासे किए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह रिपोर्ट सीलबंद है। दूसरे पक्ष को सुने बिना हम आदेश नहीं दे सकते। सीबीआई ने कोलकाता के पुलिस कमिश्नर राजीव कुमार से हुई पूछताछ को लेकर नई स्टेटस रिपोर्ट दाखिल की है।

चीफ जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस दीपक गुप्ता और जस्टिस संजीव खन्ना की बेंच ने कहा कि हमारे सामने अगर गंभीर खुलासे किए जाते हैं तो हम अफनी आंखें बंद नहीं कर सकते। अदालत ने सीबीआई को कुमार के खिलाफ 10 दिन के भीतर आवेदन करने के निर्देश भी सीबीआई को दिए।

कुमार पर सबूतों से छेड़छाड़ के आरोप
बेंच ने कहा- सीबीआई की स्टेटस रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में है। हम अभी कोई भी आदेश बिना दूसरे पक्ष को सुने नहीं दे सकते। बेंच सीबीआई द्वारा तत्कालीन आला पुलिस अधिकारियों पर लगाए गए सबूतों को मिटाने और जांच में सहयोग ना करने के आरोपों के मामले की सुनवाई कर रही थी। सीबीआई ने राजीव कुमार पर भी गंभीर आरोप लगाए थे, जो कि घोटाले की जांच करने वाली एसआईटी के प्रमुख थे।इसके बाद सीबीआई से कोर्ट ने रिपोर्ट दाखिल करने के लिए कहा था।


शिलॉन्ग में की गई थी कुमार से पूछताछ
सुप्रीम कोर्ट ने 2014 में सीबीआई को इस मामले की जांच सौंपी थी। इसी साल 3 फरवरी को सीबीआई की टीम कोलकाता स्थित राजीव कुमार के घर पहुंची थी तो उन्हें वहां जाने की इजाजत नहीं दी गई थी। अधिकारियों को पुलिस स्टेशन भी ले जाया गया था। प. बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सीबीआई और केंद्र पर आरोप लगाते हुए धरना भी दिया था। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने राजीव कुमार से सहयोग करने को कहा था। इसके बाद सीबीआई की टीम ने शिलॉन्ग में कुमार से लंबी पूछताछ की थी।

2460 करोड़ का शारदा चिटफंड घोटाला
शारदा ग्रुप से जुड़े पश्चिम बंगाल के कथित चिटफंड घोटाले के 2,460 करोड़ रुपए तक का होने का अनुमान है। पश्चिम बंगाल पुलिस और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच रिपोर्ट में यह भी खुलासा हुआ है कि 80 फीसदी जमाकर्ताओं के पैसे का भुगतान किया जाना बाकी है। जांच रिपोर्ट के मुताबिक, शारदा ग्रुप की चार कंपनियों का इस्तेमाल तीन स्कीमों के जरिए पैसा इधर-उधर करने में किया गया। ये तीन स्कीम थीं- फिक्स्ड डिपॉजिट, रिकरिंग डिपॉजिट और मंथली इनकम डिपॉजिट।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
ममता बनर्जी के साथ कोलकाता के पूर्व पुलिस चीफ राजीव कुमार। - फाइल फोटो

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/saradha-chit-fund-case-supreme-court-says-cbi-made-very-serious-revelations-01505953.html

चीन ने नष्ट किए अरुणाचल और ताइवान को अपनी सीमा से बाहर दर्शाने वाले 30 हजार मानचित्र


बीजिंग. चीन केकस्टम विभाग ने उन 30 हजार मानचित्रों को नष्ट करदिया, जिनमें अरुणाचल प्रदेश और ताइवान को उनके कब्जे में नहीं दिखाया गया था। इन वैश्विक मानचित्रों की छपाई चीन में ही हुई थी। चीनी के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है कि सारे नक्शे किसी अज्ञात देश में भेजे जाने थे।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
इसी नक्शे में अरुणाचल को चीन से अलग दिखाया गया।

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/international/news/china-destroys-30-000-incorrect-world-maps-01505667.html

फारूक अब्दुल्ला ने कहा- मुख्यमंत्री बनने के लिए 1500 करोड़ रुपए देने को तैयार थे जगन


नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता फारूक अब्दुल्ला ने आंध्र प्रदेश के कड़प्पा में चुनावी रैली को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने दावा किया कि वायएसआर कांग्रेस नेता जगनमोहन रेड्डी मुख्यमंत्री बनने के लिए 1500 करोड़ रुपए देने को तैयार थे।अब्दुल्ला ने कहा, 'मैं जगन को वो बात याद दिलाना चाहता हूं, जो उन्होंने मुझसे उनके पिता के निधन के बाद कही थी। उन्होंने कहा था कि यदि कांग्रेस उन्हें (जगन को) मुख्यमंत्री बनाती है, तो वे 1500 करोड़ रुपए देने को तैयार हैं। मैं पूछना चाहता हूं कि इतने रुपए उनके पास कहां से आए?'



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Lok Sabha Election News and Updates 26 March

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/lok-sabha-election-news-and-updates-26-march-01505469.html

दिल्ली में चार मंजिला बिल्डिंग में लगी आग, दो बच्चों की मौत


नई दिल्ली. दक्षिणी दिल्ली में मंगलवार को एक चार मंजिला बिल्डिंग में आग लग गई। हादसे में दो बच्चों की मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, दोनों बच्चे आग मेंझुलस गए थे। अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।दोनों की पहचान 6 साल के जायद और 7 साल की आयशा के तौर पर हुई। यह आग शाहीन बाग क्षेत्र स्थित चार मंजिला अबु फैजल इंक्लेव में चलाई जा रही परचून की दुकान में लगी। बाद में इसे काबू कर लिया गया।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
दक्षिणी दिल्ली की एक चार मंजिला बिल्डिंग में आग लग गई।

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/people-dead-after-a-fire-broke-out-in-a-four-storey-building-in-shaheen-bagh-delhi-01505813.html

सुषमा ने पाक से कहा- दोनों नाबालिग हिंदू बेटियां उनके परिवार को सौंपी जाएं


नई दिल्ली.विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने कहा है कि पाकिस्तान सरकार दो नाबालिग लड़कियों को फौरन उनके परिवार तक पहुंचाया जाए। होली के दिन सिंध प्रांत सेइनका अपहरण कर जबरन धर्म परिवर्तन कराया गया। इसके बाद इनका निकाह करा दिया गया था। भारत की ओर से यह मुद्दाउठाए जाने के बाद प्रधानमंत्री इमरान खान ने जांच के आदेश दिए थे। अल्पसंख्यकों की सुरक्षा और अधिकारों को लेकर भारत ने पाक को पत्र भी लिखा था।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
sushma swaraj asks pakistan to return abducted hindu girls to family

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/sushma-swaraj-asks-pakistan-to-return-abducted-hindu-girls-to-family-01505689.html

घरेलू कॉम्पीटिशन ने जेट का खर्च बढ़ाया और कंपनी दूसरी बार आर्थिक संकट में आई


मुंबई. 26 साल पुरानी जेट एयरवेज को दूसरी बार आर्थिक संकट से गुजरना पड़ रहा है। इस बार फाउंडर और चेयरमैन नरेश गोयल और पत्नी अनीता गोयल को एयरलाइन के बोर्ड से इस्तीफा देना पड़ा है। इससे पहले 2013 में आर्थिक संकट के वक्त जेट को अबू धाबी की एतिहाद एयरवेज को 24% शेयर बेचने पड़े थे। भास्कर प्लस ऐप ने एविएशन एक्सपर्ट हर्षवर्धन और एविएशन डिपार्टमेंट के पूर्व सचिव सनत कौल से बातचीत कर जेट के मौजूदा संकट की वजह जानने की कोशिश की।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Jet Airways Crisis: Why Jet Airways is in Trouble, Expenditure Rise Due to Competition

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/jet-airways-expenditure-rise-due-to-competition-airline-fall-in-crisis-second-time-01505413.html

राहुल के वादे में नई बात, 72 हजार रुपए सालाना घर की गृहिणी के खाते में जाएंगे


नई दिल्ली. देश के पांच करोड़ अति गरीब परिवारों को सालाना 72 हजार रुपए मदद देने वाले कांग्रेस के वादे में एक दिन बाद ही मंगलवार कोनई बात कही गई। कहा गया कि यह पैसा घर की गृहिणी के खाते में डाला जाएगा। इससे पहले सोमवार कोराहुल गांधी ने पहली बार न्यूनतम आय गारंटी योजना की विस्तृत जानकारी दी थी। उन्होंने बताया कि न्यूनतम आय कीसीमा 12 हजार रुपए होगी। हिंदुस्तान के 20% सबसे गरीब परिवारों की न्यूनतमआय12 हजार रु. महीना तय होगी। योजना के तहत अगर किसी परिवार की मासिक आय6 हजार है तो वेतनांतर 6 हजार सरकार देगी।

कांग्रेस प्रवक्ता सुरजेवाला ने मंगलवार को कांग्रेस की घोषणा पर दोबारा प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंनेकहा, ‘‘यह टॉपअप स्कीम नहीं है, 5 करोड़ परिवार और 25 करोड़ लोगों को 72 हजार रुपए सालाना मिलेगा। यह महिलाओं पर केंद्रित योजना है। कांग्रेस महिलाओं के खातों में पैसे जमा कराएगी। योजना गरीबी दूर करने के लिए अहम होगी। हम गरीबों के साथ न्याय करना चाहते हैं।’’

‘मोदीजी पाखंड के पर्याय हैं’
सुरजेवाला ने कहा, ‘‘मोदीजी से पूछना चाहता हूं कि क्या आप न्याय के विरोधी हैं? आपके नेता इस योजना का विरोध कर रहे हैं। मोदीजी पाखंड के पर्याय बन गए हैं। आप कुछ अमीरों को पैसे दे सकते हैं, लेकिन गरीबों को नहीं।’’

  • राहुल ने कहा, ''यह ऐतिहासिक योजना है। अगर नरेंद्र मोदी देश के सबसे अमीर लोगों को पैसा दे सकते हैं, तो कांग्रेस सबसे गरीब लोगों को पैसा दे सकती है। तीन राज्यों में कांग्रेस ने वायदा किया था। 10 दिन में कर्जा माफ होगा। मैं यहां भी कह रहा हूं, वायदा पूरा होगा। पहले पायलट प्रोजेक्ट चलेगा। फिर पूरी स्कीम चलेगी।''
  • ''प्रधानमंत्री आपसे कहते हैं कि उन्होंने किसानों को पैसा दिया। 3.5 रुपए उन्होंने किसानों को दिए। आपको गुमराह किया जा रहा है। कुछ लोगों को लाखों करोड़ों रुपए दिए जा रहे हैं। 5 करोड़ परिवारों और 25 करोड़ लोगों को डायरेक्ट इस स्कीम का फायदा मिलेगा।''
  • ''न्यूनतम आय की सीमाऔर लोगों कीकमाई का अंतर गरीबों को मिलेगा। मतलब अगर किसी परिवार की सैलरी 6 हजार है तो 12 हजार में से जितना कम पड़ेगा उतना सरकार देगी। हमने पहले मनरेगा दिया था, अब इस योजना को भी पूरा करेंगे।''

21वीं सदी में गरीब रहें, कांग्रेस को यह मंजूर नहीं

राहुल ने कहा कि देश का एक झंडा है और प्रधानमंत्रीजी की राजनीति से दो हिंदुस्तान बन रहे हैं। एक अनिल अंबानी जैसों का और दूसरा गरीबों का। हमने लाखों लोगों से बात कर के अपना घोषणापत्र बनाया है। कांग्रेस को यह मंजूर नहीं है कि 21वीं सदी में भारत में गरीब रहें। अब अमीरों और गरीबों का हिंदुस्तान नहीं रहेगा। यह सबका बराबर हिंदुस्तान होगा।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Cong to give final shape to manifesto for LS polls at CWC meet

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/cong-to-give-final-shape-to-manifesto-for-ls-polls-at-cwc-meet-01504393.html

भाजपा ने दक्षिण बेंगलौर से अनंत कुमार की पत्नी की जगह 28 साल के सूर्या को टिकट दिया


नई दिल्ली. भाजपा ने दक्षिण बैंगलोर से 28 साल के तेजस्वी सूर्या को उम्मीदवार बनाया है। सूर्या का मुकाबला कांग्रेस महासचिव बीके हरिप्रसाद (64) से होगा। इस सीट पर पूर्व केंद्रीय मंत्री एचएन अनंत कुमार की पत्नी तेजस्विनी को टिकट दिए जाने की कोशिशों को झटका लगा है। अनंत कुमार 1996 के बाद से यहां रिकॉर्ड छह बार चुने गए थे।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
tejasvi surya contest bangalore south on bjp ticket updates
तेजस्वी सूर्या (दाएं) और अनंत कुमार (बीच में)। फाइल
दक्षिण बैंगलोर सीट पर अनंत कुमार लगातार 6 बार जीते थे। इस बार उनकी पत्नी तेजस्विनी (बीच में) को टिकट दिए जाने की चर्चा थी।
तेजस्वी सूर्या का मुकाबला कांग्रेस महासचिव बीके हरिप्रसाद से होगा।
कर्नाटक हाईकोर्ट में वकील हैं तेजस्वी सूर्या।
सूर्या भाजपा की राष्ट्रीय सोशल मीडिया टीम के भी सदस्य हैं।

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/national/news/tejasvi-surya-contest-bangalore-south-on-bjp-ticket-updates-01505569.html

स्पेससूट का सही साइज नहीं मिलने पर नासा ने महिलाओं की स्पेसवॉक रद्द की


वॉशिंगटन. अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा का पहली बार दो महिलाओं को स्पेसवॉक कराने का मिशन फिलहाल रद्द करदिया गया है। नासा का कहना है कि उसके पास महिला एस्ट्रोनॉट्स की फिटिंग के पर्याप्त स्पेससूट मौजूद नहीं हैं। ऐसे में आउटरवियर की कमी के चलते यह मिशन बदला जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, स्पेसवॉक की योजना को आगे बढ़ाया जाएगा।

एक महीने पहले ही नासा ने ऐलान किया था कि 29 मार्च को उसकी दो महिला एस्ट्रोनॉट्स इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (आईएसएस) से अंतरिक्ष में स्पेसवॉक के लिए जाएंगी। यह पहली बार होगा जब किसी स्पेसवॉक में सिर्फ महिलाओं को ही भेजा जाना है। इससे पहले के मिशनों में स्पेसवॉक के लिए महिलाओं के साथ किसी पुरुष एस्ट्रोनॉट को भी भेजा जाता था।

आईएसएस में बैट्री लगाने के लिए जारी है स्पेसवॉक
स्पेसवॉक कई वजहों से किया जाता है, जिसमें स्पेसक्राफ्ट की मरम्मत, वैज्ञानिक प्रयोग और फिर नए उपकरणों का परीक्षण होता है। अंतरिक्ष में मौजूद बिगड़े सैटेलाइट या स्पेसक्राफ्ट को वहीं ठीक करने के लिए स्पेसवॉक की जाती है। जिन दो एस्ट्रोनॉट्स को स्पेसवॉक में हिस्सा लेना है, उनमें से एक ऐन मैकक्लेन(59) और क्रिस्टीना कोश हैं। मैकक्लेन 22 मार्च को निक हेग के साथ आईएसएस में एक लिथियम आयन बैट्री लगाने के लिए स्पेसवॉक में हिस्सा ले चुकी हैं।

सात घंटे स्पेसवॉक का रखा गया था मिशन
मैकक्लेन और कोश का स्पेसवॉक सात घंटे रखी गई थी। दोनों 2013 के एस्ट्रोनॉट क्लास का हिस्सा थीं। इसमें आधे से ज्यादा महिलाएं थीं। इस दौरान नासा को एस्ट्रोनॉट्स के लिए दूसरी बार सबसे ज्यादा आवेदन (6100) मिले थे। नासा में 50% फ्लाइट डायरेक्टर्स महिलाएं हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
ऐन मैकक्लेन (बाएं) और क्रिस्टीना कोश (दाएं)।

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/international/news/nasa-cancels-all-female-spacewalk-cites-lack-of-spacesuit-in-right-size-for-woman-01505659.html

चेन्नई से मैच आज, घरेलू मैदान पर दिल्ली 43% मुकाबलों में ही कामयाब रही


खेल डेस्क. इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 12वें संस्करण का पांचवां मुकाबला सोमवार को फिरोजशाह कोटला स्टेडियम पर दिल्ली कैपिटल्स और चेन्नई सुपरकिंग्स के बीच खेला जाएगा। दोनों टीमें टूर्नामेंट में अपने पहले मैच जीत चुकी हैं। दिल्ली ने मुंबई और चेन्नई ने बेंगलुरु को हराकर 2-2 अंक हासिल किए हैं। हालांकि, नेट रनरेट के आधार पर दिल्ली अंकतालिका में पहले और चेन्नई दूसरे नंबर पर है। दिल्ली का नेट रनरेट +1.850 और चेन्नई का +0.519 है।

इस मैदान पर दिल्ली ने आईपीएल के अब तक 67 मैच खेले हैं। इनमें से वह 29 को जीतने में सफल रही है, जबकि 36 में उसे हार का सामना करना पड़ा है। एक मुकाबला बेनतीजा रहा, जबकि एक मैच रद्द कर दिया गया था। चेन्नई ने इस मैदान पर अब तक 8 मैच खेले हैं। इनमें से वह 5 को जीतने में सफल रही, जबकि 3 में उसे हार का सामना करना पड़ा है।

दिल्ली के खिलाफ चेन्नई का सक्सेस रेट 34% ज्यादा
आईपीएल में महेंद्र सिंह धोनी की अगुआई वाली चेन्नई सुपरकिंग्स और श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली दिल्ली कैपिटल्स के बीच अब तक 18 बार भिड़ंत हो चुकी है। इनमें से चेन्नई 12 और दिल्ली की टीम 6 मैच जीतने में सफल रही है। दोनों के बीच हुए पिछले 5 मुकाबलों में चेन्नई ने 3 और दिल्ली ने 2 जीते हैं।

कोटला पर भी दिल्ली का पलड़ा भारी

कोटला पर दिल्ली और चेन्नई के बीच कुल 6 मैच खेले गए हैं। इनमें से दिल्ली को 4, जबकि चेन्नई को 2 मैच में जीत हासिल हुई है। कोटला पर दिल्ली का हाइएस्ट स्कोर 187 और चेन्नई का 190 रन है। चेन्नई का इस मैदान पर न्यूनतम स्कोर 110/8 है, जो उसने 10 अप्रैल 2012 को बनाया था।

5 साल पहले 100 के भीतर सिमट गई थी दिल्ली

इस मैदान पर दिल्ली का न्यूनतम स्कोर 83/10 है, जो उसने 18 अप्रैल 2013 को चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ बनाया था। वह मुकाबला चेन्नई ने 6 विकेट से जीता था। उस मैच में चेन्नई के मोहित शर्मा ने 3 ओवर में 10 रन देकर 3 विकेट लिए थे। वहीं, चेन्नई के माइक हसी ने 50 गेंद पर 6 चौके और 2 छक्के की मदद से 65 रन की पारी खेली थी।

आखिरी भिड़ंत ने दिल्ली ने बाजी मारी थी

दोनों के बीच आखिरी मैच पिछले साल 18 मई को दिल्ली के घरेलू मैदान पर हुआ था। उस मैच में दिल्ली ने चेन्नई को 34 रन से हरा दिया था। उस मैच में धोनी ने टॉस जीतकर फील्डिंग चुनी थी। दिल्ली ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 5 विकेट पर 162 रन बनाए थे। लक्ष्य का पीछा करने उतरी चेन्नई 20 ओवर में 6 विकेट पर 128 रन ही बना पाई थी।

कोटला परपिछले 5 मैच में दिल्ली का सक्सेस रेट 60%

फिरोजशाह कोटला पर हुए पिछले 5 मुकाबलों में से दिल्ली की टीम 3 में जीत हासिल करने में सफल रही है। दिल्ली ने कोटला पर अपना आखिरी मैच पिछले साल 20 मई को मुंबई इंडियंस के खिलाफ खेला था। तब वह मुंबई को 11 रन से हराने में सफल रही थी। उस मैच में दिल्ली के अमित मिश्रा ने 19 रन देकर 3 विकेट लिए थे।

दोनों टीमें इस प्रकार हैं :
चेन्नई सुपरकिंग्स : महेंद्र सिंह धोनी (कप्तान), सुरेश रैना, अंबाती रायडू, शेन वाटसन, फाफ डुप्लेसिस, मुरली विजय, केदार जाधव, सैम बिलिंग्स, रविंद्र जडेजा, ध्रुव शोरे, चैतन्य बिश्नोई, रितुराज गायकवाड़, ड्वेन ब्रावो, कर्ण शर्मा, इमरान ताहिर, हरभजन सिंह, मिशेल सैंटनर, शार्दुल ठाकुर, मोहित शर्मा, केएम आसिफ, डेविड विले, दीपक चाहर, एन. जगदीशन।

दिल्ली कैपिटल्स : श्रेयस अय्यर (कप्ताान), आवेश खान, ट्रेंट बोल्ट, शिखर धवन, बंडारू अयप्पा, अंकुश बैंस, संदीप लमिछने, मनजोत कालरा, अमित मिश्रा, क्रिस मोरिस, कॉलिन इनग्राम, कॉलिन मुनरो, ऋषभ पंत, अक्षर पटेल, हर्षल पटेल, कीमो पॉल, कगिसो रबादा, जलज सक्सेना, शेरफेन रूदरफोर्ड, ईशांत शर्मा, पृथ्वी शॉ, राहुल तेवतिया, हनुमा विहारी, नाथू सिंह।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
चेन्नई सुपरकिंग्स के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी और दिल्ली कैपिटल्स के कप्तान श्रेयस अय्यर।
ऋषभ पंत ने मुंबई के खिलाफ 27 गेंद पर 78 रन बनाए थे।

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/sports/cricket/news/ipl-2019-delhi-capitals-vs-chennai-super-kings-match-preview-5th-match-news-and-updates-01505049.html

DC vs CSK Live Score/ दिल्ली कैपिटल्स vs चेन्नई सुपर किंग्स का मुकाबला कुछ देर में होगा शुरू


नई दिल्ली. अब से कुछ ही देर बाद आईपीएल 2019 (IPL 2019) सीजन 12 का एक अहम मुकाबला दिल्ली कैपिटल्स और चेन्नई सुपर किंग्स (DC vs CSK Live Score) के बीच खेला जाएगा। यह मैच दिल्ली के होम ग्राउंड यानी फिरोज शाह कोटला स्टेडियम (Feroz Shah Kotla Stadium) में होगा। श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) की कप्तानी वाली नए कलेवर की दिल्ली कैपिटल्स (Delhi Capitals) आज अपने युवा जोश के साथ महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) की चेन्नई सुपर किंग्स (Chennai Super Kings) का मुकाबला करने उतरेगी। दोनों ही टीमें जबरदस्त फॉर्म में हैं और ऐसे में दर्शकों को बेहतरीन क्रिकेट की सौगात मिलना तो आप तय समझिए। रही बात जीत हार की तो हमारी यही सलाह यही है कि भले ही चेन्नई भारी नजर आती हो लेकिन दिल्ली की ये नई टीम सीजन 12 का आगाज जीत से कर चुकी है और अब नाकामी के तमाम दाग धोने को बेसब्र नजर आ रही है। दिल्ली ने पहले मैच में मुंबई इंडियंस को और चेन्नई ने आरसीबी को पटखनी दी थी। जाहिर है फिरोज शाह कोटला में दोनों टीमें जी-जान लगाकर खेलेंगी। आंकड़ों की बात करें तो अब तक दोनों टीमों के बीच कुल 18 मैच हुए हैं। इनमें से 6 आज की मेजबान यानी दिल्ली कैपिटल्स ने तो 12 मेहमान यानी चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने नाम किए हैं। bhaskar.com आपको इस मैच (DC vs CSK Live Score) के तमाम लाइव अपडेट्स यहां दे रहा है।

DC Vs CSK Playing 11 / ये हो सकती हैं दिल्ली कैपिटल्स और चेन्नई सुपर किंग्स की प्लेइंग 11



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
दिल्ली कैपिटल्स vs चेन्नई सुपर किंग्स का मुकाबला

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/sports/cricket/news/dc-vs-csk-live-score-today-ipl-2019-match-live-cricket-score-dc-vs-csk-ipl-live-match-6039191.html

ये हैं ठंडाई के अनोखे फायदे जो गर्मी में रखेंगे आपको स्वस्थ


गर्मी के दिन में न केवल बाहरी तापमान बढ़ता है बल्कि तापमान में बढ़ोत्तरी के कारण हमारे शरीर का ताप भी बढ़ जाता है। इसलिए इस मौसम में हमेशा ऐसी चीजों का सेवन करना चाहिए, जो शरीर को ठंडा रखे। क्यूंकी इस मौसम में शरीर में पानी की कमी आसानी से हो जाती है जो सही चीजों का सेवन न करने से स्वास्थ्य को भी प्रभावित करती है। इन्हीं सब वजहों से भारत में प्राचीन समय से ही मौसमों के हिसाब से खान-पान को अपनाने की सलाह दी जाती है।इसलिए गर्मी के मौसम में ठंडाई और तरल प्रदार्थ का सेवन करने की सलाह दी जाती है इससे पेट को ठंडक मिलती है और साथ ही इसके गुणकारी तत्व शरीर को लाभ भी पहुंचाते हैं। तो आइए जाने गर्मियों में ठंडाई का सेवन कैसे है लाभकारी।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
amazing benefits of drinking thandai in summers
सबसे पौष्टिक और शीतल पेयः
ठंडाई से मिलने वाले फायदे

Click here to Read full Details Sources @ https://www.bhaskar.com/news/amazing-benefits-of-drinking-thandai-in-summers-6037525.html

आरकॉम से 700 करोड़ रु. वसूलने के लिए बीएसएनएल भी एनसीएलटी जाएगी


मुंबई. सरकारी टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल अनिल अंबानी की रिलायंस कम्युनिकेशंस (आरकॉम) से 700 करोड़ रुपए बकाया वसूलने के लिए इस हफ्ते नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (एनसीएलटी) में याचिका लगाएगी। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी। सूत्रों ने बताया, बीएसएनएल भुगतान में चूक के लिए आरकॉम द्वारा जमा की गई 100 करोड़ रुपए की बैंक गारंटी को पहले ही भुना चुकी है।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
आरकॉम के चेयरमैन अनिल अंबानी।

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/bsnl-to-approach-nclt-this-week-against-rcom-to-recover-rs-700-crore-01500845.html

प्रमोद सावंत गोवा के नए मुख्यमंत्री, दो डिप्टी सीएम भी चुने गए; रात 9 बजे शपथ ग्रहण


नेशनल डेस्पक। णजी. मनोहर पर्रिकर के अंतिम संस्कार के एक घंटे के भीतर ही विधायक दल की बैठक में राज्य का अगला मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत को चुना गया। शपथ ग्रहण रात 9 बजे होगा। बैठक में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी मौजूद थे। महाराष्ट्रवादी गोमंतक पार्टी के सुदिन धवलीकर और गोवा फॉरवर्ड पार्टी के विधायक विजय सरदेसाई दोनों डिप्टी सीएम बनेंगे।


विधायक दल की बैठक में शाह और नितिन गडकरी मौजूद थे। महाराष्ट्र गोमांतक पार्टी के विधायक सुदीन धवलीकर ने भी सीएम बनने की इच्छा जताई थी। हालांकि, विधायकों की राय जानने के बाद गोवा में मुख्यमंत्री के साथ डिप्टी सीएम का फॉर्मूला लागू किया गया और सावंत को सीएम बनाया गया।

पेशे से आयुर्वेद चिकित्सक हैं सावंत
सावंत उत्तरी गोवा स्थित सैनक्वलिम विधानसभा सीट से विधायक हैं। वह पेशे से एक आयुर्वेद चिकित्सक हैं। सावंत की गिनती पर्रिकर के करीबियों में होती थी। प्रमोद सावंत करोड़ों की संपत्ति के मालिक हैं। उनके पास 3.66 करोड़ की संपत्ति है। हालांकि, सादगी के मामले में सावंत पार्रिकर से अलग हैं। पर्रिकर के पास एक इनोवा कार थी और स्कूटर था। वहीं सावंत के पास 5 कारें हैं।

विधानसभा की स्थिति
40 सदस्यीय गोवा विधानसभा में इस वक्त 36 विधायक हैं। भाजपा विधायक फ्रांसिस डिसूजा का पिछले महीने निधन हो गया था, जबकि कांग्रेस के 2 विधायकों ने पिछले साल इस्तीफा दे दिया था।

कांग्रेस ने किया था सरकार बनाने का दावा
गोवा के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गिरीश चोडांकर ने दावा किया था कि सरकार बनाने के लिए कई गैर-कांग्रेसी विधायक उनके संपर्क में हैं। राज्यपाल मृदुला सिन्हा को लिखे पत्र में विपक्ष के नेता चंद्रकांत बाबू कवलेकर ने कहा था कि पर्रिकर के निधन के बाद भाजपा का कोई सहयोगी नहीं बचा है। लिहाजा सबसे बड़ी पार्टी होने के चलते कांग्रेस को सरकार बनाने का मौका दिया जाए।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/after-parrikar-death-bjp-allies-meet-to-choose-new-goa-cm-6035956.html

पर्रिकर पंचतत्व में विलीन, मोदी-शाह-राजनाथ समेत कई बड़े नेताओं ने दी विदाई


पणजी.गोवा के मुख्यमंत्री रहे मनोहर पर्रिकर (63) को सोमवार को यहां के एसएजी मैदान में बड़े बेटे उत्पल पर्रिकर ने मुखाग्नि दी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह, गृह मंत्री राजनाथ सिंह समेत कई बड़े नेताओं ने उन्हें विदाई दी। रविवार शाम 6.40 बजे पर्रिकर का उनके घर पर निधन हो गया था। पर्रिकर का एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर का इलाज चल रहा था।


अंतिम दर्शन के लिए सोमवार सुबह उनकी पार्थिव देह घर से भाजपा कार्यालय से लाई गई थी। इसके बाद इसे कला अकादमी में भी कुछ देर रखा गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गोवा पहुंचकर पर्रिकर को श्रद्धांजलि दी।मोदी ने पर्रिकर के निधन के बादरविवार रातट्वीट किया, 'पर्रिकर आधुनिकगोवा के निर्माता थे, उनके फैसलों ने भारतीय रक्षा क्षमताओं को बढ़ाया। उनके फैसलों ने भारतीय रक्षा क्षमताओं को बढ़ाया।'

मुख्यमंत्री बनने वाले पहले आईआईटीयन थे पर्रिकर
13 दिसंबर 1955 को गोवा के मापुसा में जन्में पर्रिकर पहले ऐसे मुख्यमंत्री थे जो आईआईटी से पासआउट थे। वे2000-2002, 2002-05, 2012-2014 और 14 मार्च 2017-17 मार्च 2019 तक चार बार मुख्यमंत्री रहे। 2014 में जब केंद्र में भाजपा की सरकार बनी थी, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वे गोवा की राजनीति छोड़कर केंद्र की राजनीति में आएं। इसके बाद पर्रिकर को रक्षामंत्री बनाया गया था।

पत्नी का भी कैंसर से निधन हुआ था
पर्रिकर की पत्नी मेधा का 2001 में कैंसर से निधन हो गया था। उनके दो बेटे उत्पल और अभिजात हैं। उत्पल ने अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। अभिजात कारोबारी हैं।

पद पर रहते हुए दिवंगत होने वाले देश के 18वें मुख्यमंत्री
पर्रिकर देश के 18वें ऐसे मुख्यमंत्री रहे जिनका पद पर रहते हुए निधन हुआ। उनसे पहले तमिलनाडु की सीएम जयललिता, जम्मू-कश्मीर के शेख अब्दुल्ला और मुफ्ती मोहम्मद सईद, आंध्रप्रदेश के वाईएस राजशेखर रेड्डी का निधन भी पद पर रहते हुए ही हुआ था। इनके अलावा गोपीनाथ बोरदोलोई (असम), रविशंकर शुक्ल (मध्यप्रदेश), श्रीकृष्ण सिंह (बिहार), बिधानचंद्र राय (प.बंगाल), मरुतराव कन्नमवार (महाराष्ट्र), बलवंत राय मेहता (गुजरात), सीएन अन्नादुरई (तमिलनाडु), दयानंद बंडोडकर (गोवा), बरकतुल्ला खान (राजस्थान), एमजी रामचंद्रन (तमिलनाडु), चिमनभाई पटेल (गुजरात), बेअंत सिंह (पंजाब) और दोरजी खांडू (अरुणाचल प्रदेश) का निधन भी पद पर रहते ही हुआ।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
manohar parrikar died last rites panaji news and updates

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-died-last-rites-panaji-news-and-updates-01500859.html

पाक की शर्तों से जाहिर हुआ वह पॉलिटिकल गेम खेल रहा- सुखबीर सिंह बादल


नई दिल्ली. करतारपुर कॉरिडोर पर पाकिस्तान ने कहा है किगुरुद्वारे के दर्शन के लिए श्रद्धालु केवल वाहन से ही जा सकते हैं, पैदल नहीं जा सकते। पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल ने कहा है कि पाक की शर्तों से ऐसा प्रतीत हो रहा कि वह पॉलिटिकल गेम खेल रहा है।भारत ने15,000 लोगों को रोजाना दर्शन की अनुमति की मांग की थी।। लेकिन, पाक ने इस मांग को यह कहकर टाल दिया था कि 15 श्रद्धालुओं का समूह ही एक बार में दर्शन करने जा सकता है।

बादल ने कहा है कि अब पाकिस्तान का राजनीतिक एजेंडा सामने आ रहा है। उन्होंने प्रतिबंध लगाना शुरू कर दिया है। उनका कहना है कि कॉरिडोर केवल दो साल के लिए खोला जाना चाहिए और केवल 500 लोगों को ही दर्शन के लिए अनुमति दी जानी चाहिए।

पाक ने कॉरिडोर पर भारत की मांग ठुकराई
करतारपुर कॉरिडोर पर पाकिस्तान ने अमृतसर में मीटिंग के अगले ही दिन भारत के दिए सुझावों को मानने से इनकार कर दिया था। भारत ने मांग की थी कि देश और विदेश से हर दिन हजारों लोग करतारपुर पहुंचेंगे। ऐसे में सभी भारतीय और भारतीय मूल (ओसीआई कार्डधारक) के लोगों की एंट्री भी मान्य की जाए। इस पर भी पाक ने सहमति नहीं जताई। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने पाक की इस दोहरी नीति की आलोचना करते हुए कहा था कि सिख श्रद्धालुओं की संख्या सीमित करने से कॉरिडोर के वास्तविक लक्ष्य हासिल नहीं किए जा सकेंगे।

पिछले साल रखी थी कॉरिडोर की आधारशिला
कॉरिडोर डेरा बाबा नानक से पाकिस्तान के करतारपुर के बीच बनना है। नवंबर में भारत और पाकिस्तान ने इस कॉरिडोर के अपने-अपने क्षेत्र में निर्माण की आधारशिला रखी थी।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
india saying 15,000 people should be allowed per day at kartarpur gurudwara

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/india-saying-15-000-people-should-be-allowed-per-day-at-kartarpur-gurudwara-01501046.html

अंतिम यात्रा पर पर्रिकर : वो किस्सा जब पर्रिकर ने दो दिनों तक पहनी लाल कमीज, लोगों ने पूछा क्यों, तो दिया ऐसा जवाब कि सबकों कर दिया इमोशनल


नेशनल डेस्क। पणजी. गोवा के मुख्यमंत्री रहे मनोहर पर्रिकर (63) का निधन हो गया। रविवार शाम 6.40 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। अंतिम दर्शन के लिए उनकी पार्थिव देह घर से भाजपा कार्यालय से लाई गई थी। इसके बाद इसे कला अकादमी में भी कुछ देर रखा गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गोवा पहुंचकर पर्रिकर को श्रद्धांजलि दी। अंतिम विदाई देने पहुंची केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी भावुक हो गईं। वो इस दुख की घड़ी में खुद को रोने से नहीं रोक पाई। दिवंगत सीएम मनोहर पर्रिकर को अंतिम विदाई देने के लिए देश के कई और दिग्गज नेता भी पहुंचे। पीएम मोदी, रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण और राज्यपाल मृदुला सिन्हा दिवंगत ने सीएम पर्रिकर को श्रद्धांजलि दी और उनके परिजनों से मुलाकात की।पर्रिकर का एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर का इलाज चल रहा था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पर्रिकर आधुनिक गोवा के निर्माता थे, उनके फैसलों ने भारतीय रक्षा क्षमताओं को बढ़ाया। उनके फैसलों ने भारतीय रक्षा क्षमताओं को बढ़ाया।

क्यों पहनी दो दिन तक एक ही कमीज : मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मनोहर पर्रिकर ने दो दिनों तक एक ही लाल कमीज पहने रखी। जब लोगों ने उनसे पूछा कि आखिर आप दो दिनों से एक ही कपड़ा क्यों पहने हैं, तब उन्होंने कहा कि ये कमीज मेरी पत्नी ने मुझे गिफ्ट किया है।बता दें कि मनोहर पर्रिकर ने 1981 में मेधा पर्रिकर से शादी की। इसके बाद उनके दो बेटे उत्पल और अभिजात हुए। मनोहर की पत्नी मेधा की मौत भी 2001 में कैंसर की बीमारी की वजह से हुई।

मुख्यमंत्री बनने वाले पहले आईआईटीयन थे पर्रिकर
13 दिसंबर 1955 को गोवा के मापुसा में जन्मे पर्रिकर पहले ऐसे मुख्यमंत्री थे जो आईआईटी से पासआउट थे। वह चार बार 2000-2002, 2002-05, 2012-2014 और 14 मार्च 2017-17 मार्च 2019 तक चार बार मुख्यमंत्री रहे। 2014 में जब केंद्र में भाजपा की सरकार बनी थी, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वह गोवा की राजनीति छोड़कर केंद्र की राजनीति में आएं। इसके बाद पर्रिकर को रक्षामंत्री बनाया गया था।

पत्नी का भी कैंसर से निधन हुआ था
पर्रिकर की पत्नी मेधा का 2001 में कैंसर से निधन हो गया था। उनके दो बेटे उत्पल और अभिजात हैं। उत्पल ने अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। अभिजात कारोबारी हैं।

पद पर रहते हुए दिवंगत होने वाले देश के 18वें मुख्यमंत्री
पर्रिकर देश के 18वें ऐसे मुख्यमंत्री रहे जिनका पद पर रहते हुए निधन हुआ। उनसे पहले तमिलनाडु की सीएम जयललिता, जम्मू-कश्मीर के शेख अब्दुल्ला और मुफ्ती मोहम्मद सईद, आंध्रप्रदेश के वाईएस राजशेखर रेड्डी का निधन भी पद पर रहते हुए ही हुआ था। इनके अलावा गोपीनाथ बोरदोलोई (असम), रविशंकर शुक्ल (मध्यप्रदेश), श्रीकृष्ण सिंह (बिहार), बिधानचंद्र राय (प.बंगाल), मरुतराव कन्नमवार (महाराष्ट्र), बलवंत राय मेहता (गुजरात), सीएन अन्नादुरई (तमिलनाडु), दयानंद बंडोडकर (गोवा), बरकतुल्ला खान (राजस्थान), एमजी रामचंद्रन (तमिलनाडु), चिमनभाई पटेल (गुजरात), बेअंत सिंह (पंजाब) और दोरजी खांडू (अरुणाचल प्रदेश) का निधन भी पद पर रहते ही हुआ।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
PM Narendra Modi reaches Kala Academy, pays tribute to Manohar Parrikar

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/pm-narendra-modi-reaches-kala-academy-pays-tribute-to-manohar-parrikar-6035837.html

मोदी पर पीएचडी कर रहे मेहुल चौकसी ने जमा की थीसिस, 450 लोगों से बात कर जुटाई जानकारियां


सूरत. यहां के एक छात्र मेहुल चौकसी नरेंद्र मोदी पर पीएचडी कर रहे हैं। उन्होंने इस पर थीसिस जमा भी कर दी है। इसके लिए मेहुल ने सरकारी अफसरों-किसानों और छात्रों समेत 450 लोगों से बात की। मेहुल इसलिए चर्चा में हैं क्योंकि उनके नाम का ही एक भगोड़ा बिजनेसमैन (हीरा कारोबारी मेहुल चौकसी) एंटीगुआ में रह रहा है और सरकार उसके प्रत्यर्पण की कोशिश में जुटी है।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
मेहुल चौकसी (बाएं)।

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/surat-based-student-mehul-choksi-submits-doctoral-thesis-on-pm-modi-01500969.html

एलओसी पर पाक ने फिर तोड़ा युद्धविराम; 2 घंटे चली फायरिंग, एक जवान शहीद


जम्मू. पाकिस्तानी सेना ने सोमवार को जम्मू-कश्मीर के राजौरी स्थित सुंदरबनी सेक्टर में फिर एक बार युद्धविराम का उल्लंघन किया। सुबह 5:30 बजे से 7:15 तक फायरिंग होती रही।इसमें सेना का एक जवान शहीद हो गया।

पाकिस्तान की फायरिंग में चार जवान जख्मी हुए। इनमें से राइफलमैनकरमजीत सिंह (24) शहीद हो गए। बाकीतीन को इलाज के लिए सेना के अस्पताल में दाखिल किया गया। करमजीत पंजाब के मोगा जिले के जनेर गांव के रहने वाले थे।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
राइफलमैन शहीद करमजीत सिंह

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/soldier-killed-in-pakistan-firing-on-loc-in-rajouri-01501034.html

वैष्णो देवी जाने वाले भक्तों के लिए खुशखबरी : बच्चों के लिए शुरू हो गई ये खास सुविधा, इसमें एक साथ जाएंगे दो बच्चे, कटरा से अर्द्धकुंवारी के देना होंगे सिर्फ 350 रु


ट्रैवल डेस्क। वैष्णो देवी जाने वाले भक्तों के लिए खुशखबरी है। अब आप अपने छोटे बच्चों के साथ बड़े आराम से माता वैष्णो देवी के दर्शन कर सकते हैं। पहले बच्चों के लिए पिठ्ठू एकमात्र साधन हुआ करती थी जो कि बच्चों को अपने पीठ पर बैठाकर ले जाते थे लेकिन अब बच्चों के लिए प्रैम यानी गाड़ी की सुविधा शुरू की गई है। जिसमें एक साथ दो बच्चों को आसानी से बैठाकर माता वैष्णो के दरबार तक जा सकते हैं।

चढ़ाई करना होगा आसान

इतना होगा किराया
अगर आप अपने बच्चों के लिए इस गाड़ी (प्रैम) की सर्विस लेना चाहते हैं तो आपको कटरा से अर्द्धकुंवारी तक 350 रुपए देने होंगे वहीं कटरा से भवन तक जाने के लिए 700-800 रुपए चुकाने होंगे।

भवन से भैरोबाबा तक पहुंचने के लिए रोप-वे
- बता दें कि कुछ ही महीने पहले यहां रोप-वे जैसी सुविधाजनक सर्विस की शुरूआत की गई थी जिससे माता वैष्णो देवी के दर्शन के बाद भैरो जी के दर्शन करना पहले से आसान हो गया है।इस रोप-वे के जरिए श्रद्धालुओं को 3 मिनट में माता के भवन से भैरो मंदिर तक पहुंचाया जाता है। इसके किराए की बात करें तो इसका किराया न्यूनतम ही रखा गया है।

- वैष्णो देवी दरबार से भैरोनाथ की यात्रा रोपवे का किराया मात्र 100 रुपए है। एक बार में 42 यात्री जा सकते हैं। जहां पहले पैदल जाने पर 3 घंटे का समय लगता था और घोड़े पर जाने से प्रति व्यक्ति 300-500 रुपए चुकाने पड़ते थे।


बुजुर्गों के लिए बैटरी कार सेवा भी
- दिव्यांग, मरीज तथा बुजुर्ग श्रद्धालुओं के लिए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने वर्ष 2010 में अर्धकुमारी से वैष्णो देवी मंदिर के बीच बैटरी कार सेवा शुरू की।

- इस मार्ग पर करीब 25 बैटरी कारें श्रद्धालुओं को सुबह 7:00 बजे से लेकर रात 10:00 बजे तक अपनी सेवाएं दे रही हैं। जिससे श्रद्धालुओं की विशेष कर दिव्यांग मरीज़ तथा बुजुर्ग श्रद्धालुओं की परेशानियां दूर हो गई हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
prem service is available in vaishno devi

Click here to Read full Details Sources @ /national-news/news/prem-service-is-available-in-vaishno-devi-6035799.html

हर बार जब भी मुख्यमंत्री बन जाते थे मनोहर पर्रिकर तो आ जाती थी कोई न कोई अड़चन, ऐसा एक बार नहीं, बल्कि चार बार हुआ था


नेशनल डेस्क, पणजी। गोवा के सीएम और पूर्व रक्षामंत्री अब हमारे बीच नहीं हैं। रविवार को उन्होंने 63 साल की उम्र में आखिरी सांस ली। वे करीब एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर से जूझ रहे थे। बता दें कि पर्रिकर ने चार बार गोवा के सीएम के तौर काम किया था। लेकिन आश्चर्य की बात है कि चारों बार वे कभी भी अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर पाए थे।


पहला कार्यकाल
- पर्रिकर ने राजनीति में 1994 में कदम रखा। इसके बाद पणजी विधानसभा सीट से बीजेपी प्रत्याशी के तौर पर जीत हासिल करके विधायक बने। इसके बाद वो जून 1999 तक गोवा विधानसभा में विपक्ष के नेता रहे।
- 1999 में गोवा असेंबली के चुनाव हुए थे। राज्य की 40 सीटों में 10 सीटें बीजेपी जीतने में कामयाब रही थी। इसके बाद गोवा पीपुल्स कांग्रेस की सरकार बनी, लेकिन ये एक साल ही चल सकी। इसके बाद मनोहर पर्रिकर ने महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी के दो और दो निर्दलीय विधायक सहित 21 विधायकों के समर्थन ने गोवा में सरकार बनाई।
- पर्रिकर 24 अक्टूबर 2000 को गोवा के सीएम बने, लेकिन उनका ये पहला कार्यकाल 27 फरवरी 2002 तक ही चला। उन्होंने 2002 में गोवा के तत्कालीन राज्यपाल मोहम्मद फजल से विधानसभा भंग करके राज्य में नए चुनाव करवाने की सिफारिश की थी। इसके बाद राज्य में बीजेपी का शासन खत्म हो गया।

दूसरा कार्यकाल
- पर्रिकर पांच जून, 2002 को दूसरी बार गोवा के मुख्यमंत्री बने। बीजेपी के चार विधायकों ने 29 जनवरी, 2005 इस्तीफा दे दिया। इसके बाद पर्रिकर सरकार अल्पमत में आ गई, जिसके चलते उन्हें सीएम पद से इस्तीफा देना पड़ा। कांग्रेस के प्रताप सिंह राणे, पर्रिकर की जगह गोवा के मुख्यमंत्री बने।

तीसरा कार्यकाल
- गोवा में 2007 में विधानसभा चुनाव हुए, इसमें दिगम्बर कामत के नेतृत्व वाली कांग्रेस के हाथों हार का सामना करना पड़ा। पांच साल तक वो विपक्ष के नेता रहे, लेकिन 2012 में हुए विधानसभा चुनाव में बीजेपी 40 में से 21 सीटों के साथ सत्ता में वापसी की। सिंहासन पर सीएम के तौर पर मनोहर पर्रिकर की फिर ताजपोशी हुई। - लेकिन 2014 में जब मोदी के नेतृत्व में केंद्र में बीजेपी की सरकार बनी। मोदी सरकार के मंत्रिमंडल का दूसरा विस्तार किया गया तो पर्रिकर ने गोवा के सीएम पद से इस्तीफा देकर रक्षा मंत्री बने। इस तरह पर्रिकर इस बार भी अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर सके।

चौथा कार्यकाल
- गोवा में 2017 में विधानसभा चुनाव हुए लेकिन बीजेपी को राज्य में बहुमत नहीं हासिल हो सका। इसके बाद उन्हें रक्षा मंत्री के पद को छोड़कर गोवा वापस जाना पड़ा।
- कांग्रेस 17 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, लेकिन बीजेपी अपने 13 विधायकों और गोवा फॉरवर्ड पार्टी व एमजीपी जैसे दलों के साथ मिलकर सरकार बनाने में सफल रही। इसके बाद मुख्यमंत्री के तौर पर मनोहर पर्रिकर की ताजपोशी की गई।
- पिछले साल उनकी तबीयत बिगड़ी और पता चला कि उन्हें कैंसर की बीमारी है। एक साल की लंबी बीमारी के बाद उनका रविवार को निधन हो गया। इस तरह से चौथी बार भी वो अपना मुख्यमंत्री का कार्यकाल पूरा नहीं कर सके।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Manohar Parrikar passes away: Live Updates on Manohar Parrikar cremation: Manohar parrikar 4 time Goa CM did not completed any of his tenure: Parrikar death News: Dainik Bhaskar Hindi

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-4-time-goa-cm-did-not-completed-any-of-his-tenure-6035686.html

100 रुपए के 10 नोट को 3 बार में भी नहीं गिन सका दूल्हा, दुल्हन ने बारात लौटा दी


पंडौल (बिहार).मधुबनी जिले के पंडौल गांव में एक दुल्हन ने दूल्हे के अशिक्षित होने पर शादी करने से इनकार कर दिया। उसने यह फैसला वरमाला होने के बाद लिया। लड़की के इस फैसले का गांव वालों ने स्वागत किया। वहीं, शादी में मौजूद एक व्यक्ति ने उसकी हिम्मत की तारीफ कर अपने पढ़े-लिखे बेटे से शादी का प्रस्ताव रखा, जिसे लड़की ने मान लिया।

यह पूरा मामला 13 मार्च का है। पंडौल प्रखंड के ब्रह्मोत्तरा गांव के लड़के की शादी रहिका प्रखंड के मोमीनपुर गांव की लड़की के साथ तय हुई थी। शादी के दिन तय कार्यक्रम के मुताबिक बारात पहुंची। इसके बाद वरमाला हुई। फिर मंडप में रस्म के दौरान दुल्हन की सहेलियां दूल्हे से बात कर रही थीं। तभी उन्हें दूल्हे के शिक्षित होने पर शक हुआ। सहेलियों ने उनसे कई सवाल पूछे। दूल्हा एक भी सवाल का जवाब सही नहीं दे पाया।

सौ-सौ के नोट गिनने को दिए
दुल्हन की सहेलियों ने दूल्हे को सौ-सौ के दस नोट गिनने को दिए, जिसे वह सही तरीके से गिन नहीं पाया। इस दौरान उसने तीन कोशिशें कीं।सभी में गिनती गलत की।इसके बाद उससे उसकानाम और गांव का नाम पूछा गया। फिर जिले का नाम पूछा गया तो उसने जवाब में पंडौल कहा। इन सारे सवालों के जवाब के बाद यह पता चला कि वह पढ़ा लिखा नहीं है। इसके बाद लड़की ने हिम्मत दिखाई और उसने शादी से इनकार कर दिया।

फिर पढ़े-लिखे लड़के से शादी की
दुल्हन के इस फैसले से सभी प्रभावित थे। बारात में मौजूद एक व्यक्ति ने भी तारीफ की और अपने बेटे से शादी करने का प्रस्ताव रखा। उसने कहा कि मेरा बेटा पढ़ा-लिखा है क्या आप उससे शादी करेंगी? लड़की वालों ने इस प्रस्ताव पर हामी भर दी।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Bihar News: Bride Refuse to Marry Groom After He Failed to Count ten notes of hundred 3 times

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/ten-notes-of-a-hundred-rupees-could-not-count-in-three-times-by-bridegroom-in-bihar-01500885.html

आखिरी सफर पर निकले 'आम लोगों' के सीएम मनोहर पर्रिकर


नेशनल डेस्क.गोवा के मुख्यमंत्री रहे मनोहर पर्रिकर का निधन हो गया। रविवार शाम 6.40 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। अंतिम दर्शन के लिए उनके पार्थिव शरीर को घर से भाजपा कार्यालय लाया गया। इसके बादकलाअकादमी में भी कुछ देर रखा जाएगा। शाम पांच बजे कैंपल स्थित एसएजी मैदान में अंतिम संस्कार किया जाएगा। पर्रिकर का एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर का इलाज चल रहा था।आखिरी सफर पर निकले 'आम लोगों' के सीएम मनोहर पर्रिकर।

आखिरी दर्शन के लिए पहुंचे लोगों ने क्या कहा

बीजेपी कार्यालय में रखे पार्थिव शरीर को देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। वहां मौजूद लोगों में से एक शख्स ने कहा कि अब गोवा को ऐसा सीएम नहीं मिलेगा। ये आखिरी नेता थे।
- वहीं दूसरे शख्स ने कहा कि मुझे बहुत दुख है। अब दोबारा ऐसा नेता पैदा नहीं होगा।
- एक और शख्स के मुताबिक पर्रिकर ने लोगों का दिल जीत लिया था। वो युवाओं के लिए रोल मॉडल हैं। हमें उनपर गर्व है।
- गोवा में पर्रिकर को लोग भाई के नाम से जानते थे। इसी सवाल पर एक शख्स ने कहा कि उनका व्यवहार बहुत अच्छा था। ये गोवा का ट्रेंड है। वो लोगों की हमेशा मदद किया करते थे। इसलिए लोग उन्हें भाई बोलते थे। बड़े भाई की तरह उन्होंने हर प्रॉब्लम का सॉल्यूशन दिया।

ऊपर दिए वीडियो में देखेंसीएम मनोहर पर्रिकर की अंतिम यात्रा



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
First Picture of Manohar Parrikar before Cremation

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/first-picture-of-manohar-parrikar-before-cremation-6035717.html

जब पर्रिकर एक होटल में मीटिंग के लिए पहुंचे थे, तब दरबान ने उन्हें गेट पर ही रोककर कहा था- तुम अंदर नहीं जा सकते


नेशनल डेस्क, पणजी। गोवा के सीएम और पूर्व रक्षामंत्री अब हमारे बीच नहीं हैं। रविवार को उन्होंने 63 साल की उम्र में आखिरी सांस ली। वे करीब एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर से जूझ रहे थे। सोमवार शाम 5 बजे कैंपल स्थित एसएजी मैदान में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। अपनी सादगी के लिए फेमस मनोहर पर्रिकर सीएम रहते हुए स्कूटर से मीटिंग के लिए फाइव स्टार होटल जाया करते थे। उनकी सादी ड्रेस देख होटल के दरबान ने उन्हें होटल में घुसने से रोक दिया था।

टैक्सी बुलाई और चप्पल पहने कार्यक्रम में शामिल होने पहुंच गए
पार्रिकर के करीबी बताते हैं कि एक बार पर्रिकर को एक कार्यक्रम में शरीक होने के पांच सितारा होटल जाना था, लेकिन समय पर उनकी गाड़ी खराब हो गई। उन्होंने तत्काल एक टैक्सी बुलवाई और साधारण कपड़े और चप्पल पहन वे होटल पहुंचे। जैसे ही टैक्सी से उतरे तो होटल के दरबान ने उन्हें रोका और कहा कि, 'तुम अंदर नहीं जा सकते।'

परिचय दिया तो ठहाके मारकर हंसने लगा दरबान

उन्होंने दरबान को बताया कि वे गोवा के मुख्यमंत्री हैं, यह सुनकर दरबान ठहाके मारकर हंसने लगा और बोला कि 'तू मुख्यमंत्री है तो मैं देश का प्रेसिडेंट हूं।' इतने में प्रोग्राम के आयोजक मौके पर पहुंचे और दरबान को समझाया। पर्रिकर स्कूटर से भी होटल्स में पहुंच जाया करते थे।

पर्रिकर ने खुद सुनाया था दरबान का ये किस्सा
- मामला 2012 का है। सीएम ने फाइव स्टार होटल में हो रही एक मीटिंग में ये किस्सा सुनाया था। उन्होंने बताया कि जब एंट्री गेट पर गोरखा दरबान ने उन्हें रोका तो पर्रिकर के पास कोई पुलिस सिक्युरिटी अफसर (PSO) मौजूद नहीं था। उन्होंने दरबान को बताया कि वो गोवा सीएम हैं, उन्हें अंदर जाने दिया जाए। लेकिन फिर भी उसने एंट्री नहीं दी।
- पर्रिकर ने आगे बताया कि जब से वो सीएम बने हैं, वो गोरखा दरबान उन्हें पांच बार हाेटल के गेट पर रोक चुका था। जबकि वो कई बार उसे अपने सीएम होने की बात बता चुके हैं। इसके बाद पर्रिकर ने बेहद साफगोई से बताया कि दरबान की बात सुनकर उनका ईगो जरूर हर्ट हुआ था। लेकिन वाकई मुझे समझ आया कि दरबान का ये जानना जरूरी नहीं है कि वो सीएम हैं या कोई और।

स्कूटर पर करते थे इलाके का दौरा

पर्रिकर गोवा सीएम रहते हुए कई बार क्षेत्र का दौरा या दूसरे प्रोग्राम्स के लिए स्कूटर पर ही निकल जाया करते थे। जब वे किसी कार्यक्रम में शरीक भी होते थे तो साधारण वेशभूषा में पहुंच जाया करते थे। पुणे में आयोजित एक शादी समारोह में पर्रिकर लाइन में लगकर खाना लेते नजर आए थे।



मुंबई आईआईटी से हैं ग्रैजुएट
13 दिसंबर 1955 को जन्‍मे मनोहर पर्रिकर ने आईआईटी मुंबई से स्‍नातक डिग्री हासिल की है। पर्रिकर के नाम पहला आईआईटीयन सीएम होने का रिकॉर्ड भी दर्ज है। पर्रिकर के अलावा आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल भी आईआईटी से पास आउट हैं।

दोस्त को बचाने के लिए खुद शराब ले ली
पर्रिकर ने एक बार कॉलेज के दिनों की जिक्र करते हुए बताया था कि हॉस्टल में मेरा एक साथी सिगरेट, शराब पीता था, वह ब्राह्मण परिवार से था। एक दिन मैं कमरे उसी साथी के साथ बैठा था। लड़के के हाथ में सिगरेट और एक पेग था। अचानक कमरे में लड़के पिताजी आ गए। वह परेशान हो गया। मैं इन चीजों को हाथ नहीं लगाता था, पर उस दिन मैंने दोस्त के हाथ से सिगरेट-शराब लेकर बाहर निकल गया। उसके पिता ने कहा कि बेटा ऐसे बच्चों की संगत में फिर कभी मत रहना।

आरएसएस में अहम जिम्मेदारी निभा चुके
पर्रिकर युवा रहते आरएसएस में शामिल हुए। उनकी काबिलियत को देखते हुए 26 साल की उम्र में उन्हें गोवा का संघचालक बना दिया गया था। वो राम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान नॉर्थ गोवा में प्रमुख संगठनकर्ता रहे।

1994 में पहली बार एमएलए बने

वह पहली बार 1994 में विधायक बने थे। 1999 में पर्रिकर गोवा विधानसभा में अपोजिशन के लीडर रहे। 1994 में पर्रिकर जब पहली बार विधायक बने उस वक्त राज्य में बीजेपी की सिर्फ 4 सीटें थीं, लेकिन पर्रिकर ने 6 साल में ही गोवा में बीजेपी को पहली बार सत्ता दिला दी।

कब-कब रहे सीएम?
पहली बार- 24 अक्टूबर 2000-27 फरवरी 2002

दूसरी बार- 2002 से 2 फरवरी 2005
तीसरी बार- 9 मार्च 2012 से 8 नवंबर 2014
चौथी बार- 14 मार्च 2017 से 17 मार्च 2019

2005 में गिर गई थी पर्रिकर की सरकार
जनवरी 2005 में उन्हें मुसीबत का सामना करना पड़ा। उस वक्त उनके 4 विधायकों ने इस्तीफा दे दिया था और उनकी सरकार गिर गई थी। अगले विधानसभा चुनाव में भाजपा को दिगंबर कामत की अगुआई वाली कांग्रेस से हार का सामना करना पड़ा। 2012 में अपोजिशन में रहते हुए पर्रिकर ने कांग्रेस सरकार के दौरान हुए माइनिंग स्कैम को उजागर किया। 2012 में ही हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा को 24 सीटें मिलीं और पर्रिकर फिर एक बार सीएम बने।

मोदी भी पर्रिकर की काबिलियत के कायल
पर्रिकर की एडमिनिस्ट्रेटिव और ऑर्गेनाइजेशन स्किल के नरेंद्र मोदी भी कायल थे। इसी वजह से पीएम ने पर्रिकर को 2014 में अपनी कैबिनेट में लेकर डिफेंस मिनिस्ट्री की जिम्मेदारी सौंपी थी। उनके केंद्र में जाने के बाद लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का सीएम बनाया गया था।

परिवार में और कौन है?
पर्रिकर की पत्नी मेधा अब इस दुनिया में नहीं हैं। 2001 में कैंसर से उनका निधन हो गया था। पर्रिकर के दो बेटे, उत्पल और अभिजात हैं। उत्पल ने अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग किया है। अभिजात लोकल बिजनेसमैन हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Goa CM Manohar Parrikar was once stopped stopped for a security check by a guard at the 5 star Hotel: Manohar Parrikar Passes Away: Dainik Bhaskar Hindi News

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-once-stopped-by-hotel-security-guard-6035700.html

स्कूटर से विधानसभा जाते थे मनोहर पर्रिकर, खुद चुकाते थे अपने मोबाइल-बिजली का बिल, नहीं करते थे मुख्यमंत्री आवास का इस्तेमाल


नेशनल डेस्क. पणजी। गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर का निधन हो चुका है। कैंसर से लंबी लड़ाई के बाद 63 साल की उम्र में पूर्व रक्षा मंत्री ने अंतिम सांस ली। पूर्व रक्षा मंत्री पर्रिकर के स्वास्थ्य में पिछले एक साल से उतार-चढ़ाव होता रहा है। बीते दो दिन से उनकी हालत बेहद खराब हो गई थी। इंजीनियर रहे पर्रिकर आईआईटी बॉम्बे के स्टूडेंट थे। लेकिन बहुत जल्द ही उन्हें समझ आ गया था कि वे मशीनों के बीच उलझने के बजाए सामाजिक क्षेत्र में काम करेंगे। एक तरफ सोशल मीडिया पर दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल आम आदमी की तरह जनता के बीच मशहूर हो रहे थे। वहीं, दूसरी तरफ सादगी की असली मिसाल स्वयं मनोहर पर्रिकर ही थे। गोवा के सीएम होने के बावजूद कई साल तक उन्होंने सीएम हाउस का इस्तेमाल नहीं किया था। वे अपने ही घर में रहते थे। पर्रिकर का पूरा राजनीतिक जीवन बेदाग छवि और ईमानदार नेता की रही है।

विधानसभा जाने के लिए करते थे स्कूटर का इस्तेमाल
- लोग पर्रिकर के व्यक्तित्व का हर कोई मुरीद था। गोवा के सीएम रहते हुए पर्रिकर कई बार विधानसभा जाते समय सरकारी गाड़ी को छोड़कर स्कूटर का इस्तेमाल करते थे। इसके साथ ही वो बिना सुरक्षा के किसी भी टी स्टॉल पर खड़े होकर चाय पीते भी नजर आ जाते थे।
- पर्रिकर की यह आदतें गोवा के लोगों के लिए एक आम बात थी। उनकी इसी बेदाग छवि के कारण ही पीएम मोदी ने उन्हें रक्षा मंत्री बनाया था। पर्रिकर नवंबर 2014 से 13 मार्च 2017 तक केंद्रीय रक्षामंत्री रहे थे।

बेटी की शादी में सादा कपड़े पहनेदेखकर दंग रहगए थे लोग
- मनोहर पर्रिकर बेहद सादा व्यक्ति थे, ये बात उनके कपड़े देखकर ही पता चलती थी। वो आमतौर पर शर्ट-पैंट में नजर आते थे। जब तक किसी बड़ी ऑफिशियल मीटिंग में न जाना हो, वो साधारण कपड़े पहनना ही पसंद करते थे। उस समय लोग की उनकी सादगी देखकर दंग रह गए थे।
- इतना ही नहीं, बेटे की शादी में भी वो हाफ शर्ट, साधारण पैंट और सैंडिल पहने नजर आए थे। वहीं, पर्रिकर को 16 से 18 घंटे काम करने की आदत थी।
- राजनेता होकर भी बेहद इमोशनल इंसान थे। मार्च 2012 में पर्यटन मंत्री मातनही सलदन्हा के निधन पर उन्हें फूट-फूट कर रोते देखा गया था।
- पर्रिकर फ्लाइट में हमेशा ही इकोनॉमी क्लास में ट्रेवल करते थे। वो मोबाइल और टेलीफोन के बिल का भुगतान अपनी जेब से करते थे। उन्हें पब्लिक ट्रांसपोर्ट का बेझिझक इस्तेमाल करते देखा जाता था।

आईआईटी बॉम्बे के स्टूडेंट थे पर्रिकर
मनोहर पर्रिकर का जन्म मापुसा में गोपालकृष्णा और राधाबाई के घर हुआ था। इनका पूरा नाम मनोहर गोपालकृष्णा प्रभू पर्रिकर था। पर्रिकर का एक और भाई अवधूत पर्रिकर भी है। पर्रिकर ने शुरुआती पढ़ाई मार्गो के स्कूल से की। हायर सेकंड्री एजूकेशन मराठी मीडियम में की। 1978 में बॉम्बे IIT से metallurgical इंजीनियरिंग में ग्रेजुएट हुए। 1981 में मेधा पर्रिकर से शादी की थी।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Manohar parrikar cremation live updates: Goa Cm Manohar Parrikar passes away: Latest news and updates on manohar parrikar death: Dainik Bhaskar Hindi

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/life-story-of-goa-cm-manohar-parrikar-who-passed-away-6035531.html

गोवा में नए मुख्यमंत्री को लेकर भाजपा-सहयोगी दल एकमत नहीं, कांग्रेस ने सरकार बनाने का दावा पेश किया


नेशनल डेस्क.गोवा के मुख्यमंत्री रहे मनोहर पर्रिकर का निधन हो गया। रविवार शाम 6.40 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। अंतिम दर्शन के लिए उनके पार्थिव शरीर को घर से भाजपा कार्यालय लाया गया। इसके बादकलाअकादमी में भी कुछ देर रखा जाएगा। शाम पांच बजे कैंपल स्थित एसएजी मैदान में अंतिम संस्कार किया जाएगा। पर्रिकर का एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर का इलाज चल रहा था।मनोहर पर्रिकर के निधन के बाद नया मुख्यमंत्री चुनने के लिए गोवा में रविवार रात भाजपा और उसके सहयोगी दलों की बैठक बुलाई गई थी। हालांकि इसमें मुख्यमंत्री के नाम पर कोई फैसला नहीं हो पाया। बैठक में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद थे। भाजपा विधायक माइकल लोबो ने बताया कि महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (एमजीपी) के विधायक सुदीन धवलीकर मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं, इसके बाद चर्चा को विराम दे दिया गया। उधर, कांग्रेस ने सरकार बनाने के लिए राज्यपाल के पास दावा पेश किया है।न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, गोवा बीजेपी अध्यक्ष विनय तेंदुलकर ने कहा कि हम 2 बजे तक तय कर लेंगे कि अगला सीएम कौन होगा इसके बाद 3 बजे शपथ लेंगे।




'गठबंधन का नेता बनेगा मुख्यमंत्री'
लोबो के मुताबिक- धवलीकर खुद मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं जबकि भाजपा चाहती है कि गठबंधन के नेता को मुख्यमंत्री होना चाहिए। भाजपा विधायकों ने विश्वजीत राणे और प्रमोद सावंत का नाम मुख्यमंत्री के लिए प्रस्तावित किया है। उधर, गोवा फॉरवर्ड पार्टी (जीएफपी) के प्रमुख विजय सरदेसाई ने बताया कि भाजपा-सहयोगी दलों की बैठक में मुख्यमंत्री को लेकर फैसला नहीं हो पाया। हमारा समर्थन पर्रिकर जी को था, भाजपा को नहीं। अब वे नहीं रहे तो विकल्प खुले हुए हैं। हम गोवा में स्थिरता चाहते हैं, हम नहीं चाहते की सदन को भंग किया जाए। हम भाजपा के अगले कदम का इंतजार करेंगे। पर्रिकर के निधन के बाद खाली हुई जगह कैसे भरी जाएगी, इस बात को लेकर सभी सहयोगी दलों में चिंता है। जीएफपी के 3 विधायक हैं।

'उम्मीद है गडकरी नाम का ऐलान करेंगे'
धवलीकर ने बताया कि गडकरी ने विधायकों से साथ अलग-अलग मीटिंग और कुछ सवाल किए। उन प्रश्नों का जिक्र करना उचित नहीं होगा। हम उम्मीद कर रहे हैं कि गडकरी सोमवार को मुख्यमंत्री उम्मीदवार के नाम का ऐलान कर सकते हैं। इसके बाद ही एमजीपी तय करेगी कि सरकार को समर्थन देना है या नहीं।

सरकार बनाने के लिए कई नेता हमारे संपर्क में: कांग्रेस
गोवा के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गिरीश चोडांकर ने दावा किया कि सरकार बनाने के लिए कई गैर-कांग्रेसी विधायक उनके संपर्क में हैं। हम रणनीति तैयार कर रहे हैं, उम्मीद है कि जल्द ही राज्यपाल मृदुला सिन्हा हमें सरकार बनाने का मौका देंगी। इस बीच राज्यपाल मृदुला सिन्हा को लिखे पत्र में विपक्ष के नेता चंद्रकांत बाबू कवलेकर ने कहा कि पर्रिकर के निधन के बाद भाजपा का कोई सहयोगी नहीं बचा है। लिहाजा सबसे बड़ी पार्टी होने के चलते कांग्रेस को सरकार बनाने का मौका दिया जाए।

विधानसभा की स्थिति
40 सदस्यीय गोवा विधानसभा में इस वक्त 36 विधायक हैं। भाजपा विधायक फ्रांसिस डिसूजा का पिछले महीने निधन हो गया था, जबकि कांग्रेस के 2 विधायकों ने पिछले साल इस्तीफा दे दिया था।




आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
First Picture of Manohar Parrikar before Cremation: Live Updates on Manohar Parrikar cremation: Manohar parrikar 4 time Goa CM did not completed any of his tenure: Parrikar death News: Dainik Bhaskar Hindi

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/after-manohar-parrikar-death-bjp-allies-meet-to-choose-new-goa-cm-6035652.html

जिस सर्जिकल स्ट्राइक पर पूरे देश को गर्व है, उसके पीछे था एक अपमानजनक सवाल, जिसे सुनने के बाद अंदर तक हिल गए थे पर्रिकर, फिर लिया बड़ा फैसला


नेशनल डेस्क. गोवा के मुख्यमंत्री रहे मनोहर पर्रिकर का निधन हो गया। रविवार शाम 6.40 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। अंतिम दर्शन के लिए उनकेपार्थिव शरीर को घर से भाजपा कार्यालय लाया गया। इसके बाद कला अकादमी में भी कुछ देर रखा जाएगा। शाम पांच बजे कैंपल स्थित एसएजी मैदान में अंतिम संस्कार किया जाएगा। पर्रिकर का एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर का इलाज चल रहा था।

- 9 नवंबर 2014 से 13 मार्च 2017 तक वह देश के रक्षामंत्री (Defence Minister) रहे। इसी दौरान भारत ने सर्जिकल स्ट्राइक किया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सर्जिकल स्ट्राइक के पीछे पूछ गया एक अपमानजनक सवाल था। बताते हैं कि आखिर क्या था वो सवाल...

4 जून 2015 को हुई थीशुरुआत : दरअसल मनोहर पर्रिकर से जो सवाल पूछा गया था वो 4 जून साल 2015 में हुए उग्रवादी संगठन से जुड़ा हुआ था। तब एनएससीएन के उग्रवादी संगठन ने भारतीय सेना के 6 डोगरा रेजिमेंट के दस्ते पर हमला किया था। इसमें 18 जवान शहीद हो गए थे। फिर बदला लेने के लिए 8 जून की सुबह भारत ने म्यांमार सीमा पर कार्रवाई की। इसमें 70 से 80 उग्रवादियों को मार गिराया। पर्रिकर ने कहा था कि ये कार्रवाई सफल रही थी। किसी सैनिक को कोई नुकसान नहीं पहुंचा।

म्यांमार को लेकर पूछा जा रहा था सवाल : भारतीय सैनिकों ने जिस तरह से उग्रवादियों को सबक सिखाया, उससे मोदी सरकार का काफी वाहवाही हुई। इसी दौरान एक टीवी चैनल पर केंद्रीय मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौर, सर्च ऑपरेशन के बारे में बता रहे थे, तभी उनसे सवाल पूछा गया कि क्या आपके अंदर पाकिस्तान बॉर्डर पर भी ऐसा करने की हिम्मत और क्षमता है? पर्रिकर ने एक इंटरव्यू में इस सवाल का जिक्र करते हुए बताया था कि इस सवाल ने उन्हें अंदर तक हिला कर रख दिा। तब उन्होंने फैसला किया कि वक्त आने पर इस सवाल का जवाब जरूर देंगे।

फिरशुरू हुई सर्जिकल स्ट्राइक की तैयारी : पर्रिकर ने बताया था कि उसी सवाल का जवाब देने के लिए सर्जिकल स्ट्राइक की तैयारी शुरु की गई। म्यांमार में हुई कार्रवाई के 15 महीने बाद 29 सितंबर 2016 को भारतीय सेना ने सर्जिकल स्ट्राइक की। इसमें आतंकियों के कई लॉन्च पैड ध्वस्त कर दिए। इसके अलावा 35-50 आतंकी भी मारे गए।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Manohar Parrikar, Insulting question led to planning of PoK surgical strikes

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-insulting-question-led-to-planning-of-pok-surgical-strikes-6035667.html

अटलजी के समय मोदी सरकार ने जो कदम उठाया था, वही एक बार फिर उठाया, गोवा सीएम पर्रिकर की मौत के बाद सरकार ने कर दी ये घोषणा, आज दिनभर नहीं होंगे ये काम


न्यूज डेस्क। कैंसर से जूझ रहे गोवा के सीएम मनोहर पर्रिकर नहीं रहे। केंद्र सरकार ने सोमवार को राष्ट्रीय शोक घोषित किया है। जानिए राष्ट्रीय शोक घोषित होने पर क्या होता है?

क्या होता है जब राष्ट्रीय शोक घोषित किया जाता है?

- जब राष्ट्रीय शोक घोषित किया जाता है तो फ्लैग कोड ऑफ इंडिया के अनुसार तिरंगे को आधा झुकाया जाता है। राष्ट्रीय राजधानी, केंद्र शासित प्रदेशों और राज्य
की राजधानियों में राष्ट्रध्वज आधा झुका रहता है।
- दिवंगत आत्मा के सम्मान में बंदूकों की सलामी दी जाती है।
- इस दौरान सरकार समारोह को रद्द कर दिया जाता है।
- राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाता है।
- नियमों के अनुसार, पब्लिक हॉलीडे घोषित किया जाता है।

कब घोषित होता है राष्ट्रीय शोक?
- राजनीति ही नहीं बल्कि विज्ञान, साहित्य, आर्ट, कानून जैसी फील्ड में भी किसी के अहम योगदान को देखते हुए उसके सम्मान में राष्ट्रीय शोक घोषित किया जा सकता है।
- कुछ समय पहले अटल बिहारी वाजपेयी, श्रीदेवी, करुणानिधि जैसी शख्सियतों के दुनिया से चले जाने पर भी राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया था।
- राष्ट्रीय शोक कितने दिनों का होगा ये फैसला केंद्र सरकार द्वारा किया जाता है।
- राष्ट्रीय शोक के दौरान देश और विदेश में भारतीय दूतावासों में भी राष्ट्रीय झंडा आधा झुका दिया जाता है।
- सरकार चाहे तो स्कूल और कॉलेजों में भी अवकाश घोषित कर सकती है। गोवा में सोमवार को स्कूल-कॉलेज बंद हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
National mourning declared for Parrikar

Click here to Read full Details Sources @ /national-news/news/national-mourning-declared-for-parrikar-6035705.html

प्रियंका गांधी की गंगा यात्रा शुरू : जानिए आखिर कितनी पढ़ी-लिखी हैं प्रियंका गांधी? उन्होंने किया है एक ऐसा कोर्स, जिसमें इंसान के दिमाग को पढ़ना सिखाया जाता है


करियर डेस्क। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी यूपी में पार्टी की कमान संभाल चुकी हैं। वे सोमवार को प्रयागराज के छतनाग से वाराणसी के लिए स्टीमर से रवाना हुईं। 140 किलोमीटर की इस यात्रा के दौरान वे कई गांवों में रुकेंगी और लोगों से मुलाकात करेंगी। प्रियंका में लोग इंदिरा की छवि देखते हैं। प्रियंका गांधी
ने अपनी स्कूलिंग दिल्ली के मॉर्डन स्कूल से की है। बता दें कि इस स्कूल महात्मा गांधी से लेकर इंदिरा गांधी तक पढ़ी हैं। प्रियंका ने दिल्ली यूनिवर्सिटी के जीसस एंड मैरी कॉलेज से साइकोलॉजी में ग्रैजुएशन किया। बुद्धिस्ट स्टडीज में एमए भी किया है। जानिए क्या होती है साइकोलॉजी की पढ़ाई और कैसे बनते हैं साइकोलॉजिस्ट।


क्या होती है साइकोलॉजी की पढ़ाई?
- इंसान अपने दिमाग से ही सबकुछ कर सकता है और इसी दिमाग की पढ़ाई साइकोलॉजी के कोर्स में करवाई जाती है। इसमें किसी व्यक्ति के व्यवहार को पढ़ना सिखाया जाता है। मानव विकास के बारे में पढ़ाया जाता है। इसे मुख्यतौर पर दो ग्रुप में बांटा जा सकता है। बेसिक साइकोलॉजी और अप्लाइड साइकोलॉजी।
- एक साइकोलॉजिस्ट किसी व्यक्ति के रिएक्शन, इमोशन और बिहेवियर की स्टेडी करता है। किसी की बिहेवियर प्रॉब्लम को अपनी स्टडी के जरिए ठीक करता है।
- यह ट्रीटमेंट थेरैपी और काउंसलिंग पर आधारित होता है। दवाइयों के जरिए इसमें इलाज नहीं किया जाता। इसी के चलते एक साइकोलॉजिस्ट को साइकोलॉजिकल, इमोशनल और बिहेवियर से जुड़े इश्यू आइडेंटिफाई करने होते हैं।
- इसमें पेशेंट के इंटरव्यू और बातचीत के जरिए उसकी प्रॉब्लम को समझा जाता है।


आप कैसे बन सकते हैं साइकोलॉजिस्ट
- 10वीं, 12वीं एग्जाम साइकोलॉजी के एक विषय के तौर पर आपको शामिल करना होगा।
- बीए, बीए ऑनर्स इन साइकोलॉजी में ग्रैजुएशन कर सकते हैं।
- एमए, एमएससी इन साइकोलॉजी में पोस्ट ग्रैजुएशन किया जा सकता है।
- इसमें आप पीजी डिप्लोमा भी कर सकते हैं।

कहां मिलती है जॉब
- साइकोलॉजिस्ट को गवर्नमेंट और प्राइवेट हॉस्पिटल्स के साथ ही यूनिवर्सिटी, स्कूल, गवर्नमेंट-प्राइवेट एजेंसी कॉरपोरेट हाउस आदि में जॉब मिल जाती है।

- कंज्यूमर साइकोलॉजी, सोशल साइकोलॉजी, इंडस्ट्रियल साइकोलॉजी में भी आप करियर बना सकते हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
what is priyanka gandhi's education

Click here to Read full Details Sources @ /national-news/news/what-is-priyanka-gandhis-education-6035665.html

चप्पल पहने होटल पहुंचे पर्रिकर को नहीं मिली थी एंट्री, दरबान बोला- 'तू सीएम है तो मैं देश का प्रेसीडेंट हूं'


पणजी. गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर (63) का रविवार शाम 6.40 बजे निधन हो गया। सोमवार शाम 5 बजे कैंपल स्थित एसएजी मैदान में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। पर्रिकर का एक साल से पैंक्रियाटिक कैंसर का इलाज चल रहा था। अपनी सादगी के लिए फेमस मनोहर पर्रिकर सीएम रहते हुए स्कूटर से मीटिंग के लिए फाइव स्टार होटल जाया करते थे। उनकी सादी ड्रेस देख होटल के दरबान ने उन्हें होटल में घुसने से रोक दिया था।

टैक्सी बुलाई और चप्पल पहने कार्यक्रम मेंशामिलहोने पहुंच गए
पार्रिकर के करीबी बताते हैं कि एक बार पर्रिकर को एक कार्यक्रम में शरीक होने के पांच सितारा होटल जाना था, लेकिन समय पर उनकी गाड़ी खराब हो गई। उन्होंने तत्काल एक टैक्सी बुलवाई और साधारण कपड़े और चप्पल पहन वे होटल पहुंचे। जैसे ही टैक्सी से उतरे तो होटल के दरबान ने उन्हें रोका और कहा कि, 'तुम अंदर नहीं जा सकते।'

परिचय दिया तो ठहाके मारकर हंसने लगा दरबान

उन्होंने दरबान को बताया कि वे गोवा के मुख्यमंत्री हैं, यह सुनकर दरबान ठहाके मारकर हंसने लगा और बोला कि 'तू मुख्यमंत्री है तो मैं देश का प्रेसिडेंट हूं।' इतने में प्रोग्राम के आयोजक मौके पर पहुंचे और दरबान को समझाया। पर्रिकर स्कूटर से भी होटल्स में पहुंच जाया करते थे।

स्कूटर पर करते थे इलाके का दौरा

पर्रिकर गोवा सीएम रहते हुए कई बार क्षेत्र का दौरा या दूसरे प्रोग्राम्स के लिए स्कूटर पर ही निकल जाया करते थे। जब वे किसी कार्यक्रम में शरीक भी होते थे तो साधारण वेशभूषा में पहुंच जाया करते थे। पुणे में आयोजित एक शादी समारोह में पर्रिकर लाइन में लगकर खाना लेते नजर आए थे।

मुंबई आईआईटी से हैं ग्रैजुएट
13 दिसंबर 1955 को जन्‍मे मनोहर पर्रिकर ने आईआईटी मुंबई से स्‍नातक डिग्री हासिल की है। पर्रिकर के नाम पहला आईआईटीयन सीएम होने का रिकॉर्ड भी दर्ज है। पर्रिकर के अलावा आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल भी आईआईटी से पास आउट हैं।

दोस्त को बचाने के लिए खुद शराब ले ली
पर्रिकर ने एक बार कॉलेज के दिनों की जिक्र करते हुए बताया था कि हॉस्टल में मेरा एक साथी सिगरेट, शराब पीता था, वह ब्राह्मण परिवार से था। एक दिन मैं कमरे उसी साथी के साथ बैठा था। लड़के के हाथ में सिगरेट और एक पेग था। अचानक कमरे में लड़के पिताजी आ गए। वह परेशान हो गया। मैं इन चीजों को हाथ नहीं लगाता था, पर उस दिन मैंने दोस्त के हाथ से सिगरेट-शराब लेकर बाहर निकल गया। उसके पिता ने कहा कि बेटा ऐसे बच्चों की संगत में फिर कभी मत रहना।

आरएसएस में अहम जिम्मेदारी निभा चुके
पर्रिकर युवा रहते आरएसएस में शामिल हुए। उनकी काबिलियत को देखते हुए 26 साल की उम्र में उन्हें गोवा का संघचालक बना दिया गया था। वो राम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान नॉर्थ गोवा में प्रमुख संगठनकर्ता रहे।

1994 में पहली बार एमएलए बने

वहपहली बार 1994 में विधायक बने थे। 1999 में पर्रिकर गोवा विधानसभा में अपोजिशन के लीडर रहे। 1994 में पर्रिकर जब पहली बार विधायक बने उस वक्त राज्य में बीजेपी की सिर्फ 4 सीटें थीं, लेकिन पर्रिकर ने 6 साल में ही गोवा में बीजेपी को पहली बार सत्ता दिला दी।

कब-कब रहे सीएम?
पहली बार- 24 अक्टूबर 2000-27 फरवरी 2002

दूसरी बार- 2002 से 2 फरवरी 2005
तीसरी बार- 9 मार्च 2012 से 8 नवंबर 2014
चौथीबार- 14 मार्च 2017 से 17 मार्च 2019

2005 में गिर गई थी पर्रिकर की सरकार
जनवरी 2005 में उन्हें मुसीबत का सामना करना पड़ा। उस वक्त उनके 4 विधायकों ने इस्तीफा दे दिया था और उनकी सरकार गिर गई थी। अगले विधानसभा चुनाव में भाजपाको दिगंबर कामत की अगुआई वाली कांग्रेस से हार का सामना करना पड़ा। 2012 में अपोजिशन में रहते हुए पर्रिकर ने कांग्रेस सरकार के दौरान हुए माइनिंग स्कैम को उजागर किया। 2012 में ही हुए विधानसभा चुनाव में भाजपाको 24 सीटें मिलीं और पर्रिकर फिर एक बार सीएम बने।

मोदी भी पर्रिकर की काबिलियत के कायल
पर्रिकर की एडमिनिस्ट्रेटिव और ऑर्गेनाइजेशन स्किल के नरेंद्र मोदी भी कायल थे। इसी वजह से पीएम ने पर्रिकर को 2014 में अपनी कैबिनेट में लेकर डिफेंस मिनिस्ट्री की जिम्मेदारी सौंपी थी। उनके केंद्र में जाने के बाद लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का सीएम बनाया गया था।

परिवार में और कौन है?
पर्रिकर की पत्नी मेधा अब इस दुनिया में नहीं हैं। 2001 में कैंसर से उनका निधन हो गया था। पर्रिकर के दो बेटे, उत्पल और अभिजात हैं। उत्पल ने अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग किया है। अभिजात लोकल बिजनेसमैन हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
देश के रक्षामंत्री रह चुके हैं मनोहर पर्रिकर।

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-died-things-to-know-about-late-cm-manohar-parrikar-01500883.html

पत्नी का शव ले जाने के पैसे नहीं थे, टैक्सी की डिक्की में रखकर महाराष्ट्र ले गया पति


मुंबई.केरल में कैंसर सेमहिला की मौत के बाद शव को टैक्सी की डिक्कीमें डालकर लारहे पति को पुलिस ने जांच के दौरान पकड़ लिया। पूछताछ मेंपति का तर्क था कि एंबुलेंस ऑपरेटरने उससे 45000 रुपए किरायामांगा था।लेकिन, पैसे नहीं होने की वजह सेउसे पत्नी के शव को लेकर टैक्सी से आना पड़ा। वहीं, केरल के मेडिकल प्रशासन ने एंबुलेंस के लिए अर्जी नहीं दिए जाने का दावा किया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।


दरअसल, महाराष्ट्र की रहने वाली महिला चंद्रकला (45) का केरल में कैंसर का उपचार चल रहा था।15 मार्च को महिला कानिधनहो गया।पति अंतिम संस्कार महाराष्ट्र में ही करना चाहता था। ऐसे में उसनेशव को महाराष्ट्र तक लाने के लिए एंबुलेंस ऑपरेटर से बात की। लेकिनकिराया ज्यादा होने पर वह पैसे काबंदोबस्त नहीं कर सका। ऐसे में उसनेशव को कार की डिक्कीमें डालकर महाराष्ट्र तक लाने का फैसला किया।

बॉडी को प्राइवेट ट्रांसपोर्ट से ले जाने के कागजात नहीं थे

केरल पुलिस ने स्टेशन एरिया में कार को पुलिस ने पकड़ लिया औरडिक्कीसे महिला का शव बरामद किया। मामले की जांच कर रहे इंस्पेक्टर एनबी शिजू ने बताया कि महिला के पति के पास अस्पताल का मृत्यु प्रमाण पत्र था, लेकिन बॉडी को प्राइवेट ट्रांसपोर्ट से ले जाने के जरूरी कागजात नहीं थे। हालांकि हॉस्पिटल की एनओसी के बाद पुलिस ने उसे जाने दिया। विवाद बढ़ने पर मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल के सुपरिंटेंडेंट ने कहा कि उनके पास किसी ने एंबुलेंस के लिए अर्जी नहीं दी थी।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
इसी कार में शव रखकर महाराष्ट्र के लिए निकला था पति।

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/wife-dies-of-cancer-cash-strapped-husband-drives-dead-body-in-car-trunk-01500862.html

पर्रिकर पहले आईआईटीयन जो सीएम बने, उनकी सादगी-साफगोई का विपक्ष भी कायल था


पणजी. गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर का रविवार कोनिधन हो गया। वे पहले आईआईटीयन थे जो किसी राज्य के मुख्यमंत्री बने। पर्रिकर की सादगी और साफगोई की विरोधी भी तारीफ करते थे। उन्हें मुख्यमंत्री रहने के दौरान भी स्कूटर पर गोवा की सड़कों पर देखा जाना आम था। साल 2001 में पर्रिकर को आईआईटी बॉम्बे ने विशिष्ट एल्यूमिनी अवॉर्ड से सम्मानित किया था।

मनोहर गोपालकृष्ण पर्रिकर का जन्म गोवा के मापुसा में 13 दिसंबर 1955 को हुआ था। पर्रिकर स्कूली शिक्षा के दौरान ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़ गए थे। उन्होंने 1978 में आईआईटी बॉम्बे से मेटालर्जिकल इंजीनियरिंग में स्नातक किया था। इसके बाद वे 26 साल की उम्र में मापुसा के संघ चालक बने। 1988 में भाजपा में शामिल हुए।इस दौरान वे राम जन्मभूमि आंदोलन का भी प्रमुख हिस्सा रहे।

स्कूटर से जाते थे विधानसभा
गोवा के मुख्यमंत्री होने के बावजूद पर्रिकर स्कूटर से विधानसभा जाया करते थे। रक्षामंत्री रहने के दौरान भी वे प्लेन में इकोनॉमी क्लॉस में ही सफर करते थे। पर्रिकर की छवि देश के बेदाग नेता वाली थी। किसी भी घोटाले में उनका नाम नहीं आया था। इसी छवि के चलते वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गुड लिस्ट में शामिल थे। उनकी सादगी ऐसी थी कि वे बड़े-बड़े सम्मेलनों में हवाई चप्पल और हॉफ शर्ट में भी पहुंच जाते थे।

गुजरात दंगे को मोदी के जीवन पर दाग कहा
पर्रिकर ने 2013 में एक इंटरव्यू के दौरान कहा था कि गुजरात दंगे मोदी के करियर पर एक धब्बा है। उन्होंने कहा था कि वे मुख्यमंत्री होते तो सुनिश्चित करते की ऐसी घटना न हो। हालांकि, पर्रिकर ने यह भी कहा था कि मोदी व्यक्तिगत रूप से इसमें शामिल नहीं थे और उन्हें जांच में क्लीन चिट मिली है। हालांकि,पर्रिकर की प्रशासनिक और संगठनात्मक क्षमता के नरेंद्र मोदी भी कायल थे।इसी वजह से प्रधानमंत्री ने पर्रिकर को 2014 में अपनी कैबिनेट में रक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी सौंपी थी।वे 2017 तक इस पद पर रहे।2014 में पर्रिकर के रक्षा मंत्री बनने के बाद लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का सीएम बनाया गया था।


2017 में बहुमत में न आने के बाद भी गोवा में सरकार बनाई
गोवा में 2017 में विधानसभा चुनाव हुए। इस दौरान पर्रिकर केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल थे। विधानसभा चुनाव में भाजपा को बहुमत नहीं मिला था। कांग्रेस राज्य की सबसे बड़ी पार्टी थी। पर्रिकर को पार्टी को दोबारा सत्ता में लाने के लिए केंद्र की राजनीति से राज्य की राजनीति में लौटना पड़ा। वे 40 विधानसभा सीटों वाले राज्य में सिर्फ 14 सीटों के साथ भाजपा को सत्ता में पहुंचाने में कामयाब हुए।

बीमारी के बावजूद कार्यरत रहे
पर्रिकर को पैंक्रियाटिक कैंसर था। पिछले साल से उनका गोवा, मुंबई, अमेरिका और दिल्ली एम्स में इलाज चल रहा था। इसके बाद भी उन्होंने इस बार के बजट सत्र में हिस्सा लिया और 30 जनवरी को बजट पेश किया था। इसके अगले दिन वे इलाज के लिए दिल्ली एम्स चले गए और 5 फरवरी को गोवा लौट आए थे। पर्रिकर को पिछले कुछ समय में जब भी किसी योजना का शिलान्यास करते या सार्वजनिक कार्यक्रम मेंदेखा गया, वेचिकित्सीय उपकरणों से लैस ही थे। नासोगेस्ट्रिक ट्यूब उनके चेहरे पर लगी रहती थी।

पर्रिकर ने कहा था- अंतिम सांस तक ईमानदारी के साथ गोवा की सेवा करूंगा
इस साल गोवा विधानसभा में बजट पेश करते हुए मनोहर पर्रिकर ने कहा था, ‘अंतिम सांस तक ईमानदारी, निष्ठा और समर्पण के साथ गोवा की सेवा करूंगा। जोश है और बहुत ऊंचा है और मैं पूरी तरह से होश में हूं।’

चार बार मुख्यमंत्री रहे पर्रिकर

मनोहर पर्रिकर 24 अक्टूबर, 2000 को पहली बार मुख्यमंत्री बने थे। उनकी सरकार 27 फरवरी, 2002 तक चली। दूसरी बार 2002 से 2005 तक, तीसरी बार मार्च 2012 से 8 नवंबर 2014 तक और चौथी बार 2017 से अब तक उन्होंने गोवा के मुख्यमंत्री का पद संभाला।

पत्नी का भी कैंसर से निधन हुआ था
पर्रिकर की पत्नी मेधा का 2001 में कैंसर से निधन हो गया था। पर्रिकर के दो बेटे, उत्पल और अभिजात हैं। उत्पल ने अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। अभिजात कारोबारी हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Goa Chief Minister Manohar Parrikar has passed away news and update

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/goa-chief-minister-manohar-parrikar-has-passed-away-news-and-update-01500780.html

केंद्रीय मंत्री महेश शर्मा के बिगड़े बोल, राहुल को पप्पू बोलते-बोलते प्रियंका को ये क्या बोल गए... बीजेपी पर पड़ सकता है भारी, Video आया सामने


वीडियो डेस्क. केंद्रीय मंत्री महेश शर्मा ने एक बार फिर विवादित टिप्पणी की है। इस बार उनके निशाने पर प. बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, कर्नाटक के सीएम एचडी कुमारस्वामी और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा हैं। सिंकदराबाद में एक चुनावी सभा को संबोधित करते शर्मा ने कहा कि 'अगर ममता यहां आकर कथक करें और कर्नाटक सीएम गीत गाएं, तो भी कौन सुन रहा है?' शर्मा के बयान का ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। बता दें शर्मा इससे पहले भी कई बार विवादित बयान दे चुके हैं।

आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Mahesh Sharma said, Agar Mamata Banerjee yahan aa karke Kathak kare aur K'taka CM geet gaye toh kaun sun raha hai?

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/mahesh-sharma-on-mamta-rahul-6035641.html

Manohar Parrikar Goa CM : सादगी के मनोहर: जोश और जज़्बे की मिसाल थे पर्रिकर, आखिरी वक्त तक निभाया गोवा से किया सेवा का वादा


वीडियो डेस्क. देश के रक्षामंत्री और गोवा के चार बार सीएम रहने के बाद भी हमेशा सादगी और वीआईपी तामझाम से दूर रहने वाले पर्रिकर की 'मनोहर हंसी' अब नहीं दिखेगी। रविवार 17 मार्च को उनका निधन हुआ। काम के प्रति अपने जज्बे औऱ गोवा की सेवा के लिए हमेशा जुटे रहने वाले पर्रिकर की गिनती जमीन से जुड़े नेताओं में होती थी। उन्हें मिस्टर क्लीन कहा जाता था। मंत्रालय भी स्कूटर से जाते थे।

पैंक्रियाज के कैंसर से ग्रस्त होने के बाद वे नाक में ट्यूब लगाए साइट विजिट करने पहुंच जाते थे। इसी हालत में उन्होंने दो महीने पहले गोवा राज्य का बजट भी पेश किया था। तब जो उन्होंने वादा किया था, वो उसे बखूबी निभाया भी।वीडियो में- 'राजनीति के मनोहर' की यादें



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Goa Chief Minister Manohar Parrikar lost a yearlong battle with pancreatic cancer Sunday evening

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-goa-cm-passes-away-6035603.html

भारत में 2,293 पार्टियां रजिस्टर्ड, इनमें 6.5% पिछले 3 महीने में बनीं


नई दिल्ली. इस बार लोकसभा चुनाव 2019 में 'भरोसा पार्टी', 'सबसे बड़ी पार्टी' और 'राष्ट्रीय साफ नीति पार्टी' जैसी नाम वाली 2,293 राजनीतिक दल मैदान में उतरने वाली हैं। भारतीय चुनाव आयोग के हाल के आंकड़ों के मुताबिक, लोकसभा चुनाव की तारीखों केऐलान के एक दिन पहले (9 मार्च) तक देश में कुल 2,293 राजनीतिक पार्टियां रजिस्टर्ड थीं। इनमें सात राष्ट्रीय और 59 राज्य स्तरीय हैं।

इस साल फरवरी तक देश में 2,143 राजनीतिक पार्टियों का रजिस्ट्रेशन हुआ। इनमें 58 पार्टियों ने पिछले साल नवंबर-दिसंबर के दौरान मध्यप्रदेश, राजस्थान, तेलंगाना, मिजोरम और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनावों से पहले पंजीकरण करवाया था।

गैर मान्यता प्राप्त पार्टियां का अपना कोई चिह्न नहीं
इस साल फरवरी से मार्च के बीच149 पार्टियों का रजिस्ट्रेशन किया गया। इनमें बिहार के सीतामढ़ी से बहुजन आजाद पार्टी, उत्तरप्रदेश के कानपुर से सामूहिक एकता पार्टी, राजस्थान के जयपुर से राष्ट्रीय साफ नीति पार्टी, दिल्ली से सबसे बड़ी पार्टी, तेलगांना से भरोसा पार्टी और कोयंबटूर से जेनरेशन पीपुल्स पार्टी शामिल हैं। ये 149 पंजीकृत पार्टियां हैं, लेकिन गैर-मान्यता प्राप्त हैं। इन पार्टियों को खुद के चिह्नपर चुनाव लड़ने का विशेषाधिकार नहीं है। ये पार्टियां चुनाव आयोग द्वारा जारी किए गए ‘फ्री सिंबल’पर चुनाव लड़ेंगी। चुनाव आयोग के सर्कुलर के मुताबिक, अभी 84 फ्री सिंबल उपलब्ध हैं।

राष्ट्रीय या राज्य स्तर पर एक मान्यता प्राप्त राजनीतिक पार्टी बनने के लिए, उसे पिछले विधानसभा या लोकसभा चुनाव के दौरान कुछ न्यूनतम मत प्रतिशत के वैध वोट या कुछ निश्चित सीटों की संख्या को सुरक्षित करना होता है।

राजनीतिक पार्टियों द्वारा उन्हें मिलने वाले चंदे के दुरुपयोग की आशंका को देखते हुएचुनाव आयोग ने 2016 में केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड को 255 पंजीकृत, लेकिन गैर-मान्यता प्राप्त राजनीतिक पार्टियों के खर्च पर नजर रखने को कहा था।चुनावआयोग को आशंका थी कि इस तरह की अधिकांश पार्टियां काले धन को सफेद करती हैं। चुनाव आयोग ने पाया था कि ऐसीकुछ पार्टियां अब अस्तित्वमें नहीं हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
lok sabha election 2019 fight between 2293 political parties by Election Commission of India data

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/lok-sabha-election-2019-fight-between-2293-political-parties-by-election-commission-of-ind-01500798.html

जेट एयरवेज ने अबू धाबी से सभी उड़ानें बंद कीं, विमानों की कमी होने का अंदेशा जताया


मुंबई. जेट एयरवेज ने अबू धाबी से सारी उड़ानें सोमवार से अनिश्चित समय के लिए बंद कर दी हैं। एयरलाइन ने इसकी वजह ऑपरेशनल बताई है। एयरलाइन का कहना है कि उसे आने वाले समय में एयरक्राफ्ट्स की कमी का सामना करना पड़ सकता है, इसलिए अबू धाबी से ऑपरेशन बंद करने का फैसला लिया गया। एतिहाद एयरपोर्ट ने भी इस संबंध में रविवार को यात्रियों के लिए नोटिफिकेशन जारी किया।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Jet airways grounds its operations in abu dhabi airport

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/jet-airways-grounds-its-operations-in-abu-dhabi-airport-01500866.html

स्मार्टफोन ने अपनी तरफ आ रहे घातक तीर को किया बेअसर, जान बचाई


न्यू साउथवेल्स. यहां एक स्मार्टफोन नेतीर के घातक वार को बेअसर कर दिया। पीड़ित व्यक्ति की ठोड़ी पर चोट तो लगी, लेकिन तीर से नहीं बल्कि चेहरे से स्मार्टफोनटकराने की वजह से। चोट मामूली थी तो डॉक्टर के पास जाने की जरूरत भी नहीं पड़ी। कुल मिलाकर स्मार्टफोन के बीच में आने की वजह से व्यक्ति की जान बच गई।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
फोन को चीरते हुए निकल गया तीर

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/43-year-old-gets-attacked-by-archer-outside-his-house-smartphone-comes-to-the-rescue-01500323.html

पाक में महिलाओं ने नारा दिया, मैं ही रोटी क्यों बेलूं, आप भी चूल्हा जलाओ


इस्लामाबाद. पाकिस्तान की महिला वकील और नारीवादी आंदोलन की प्रमुख नेता निघत दाद कट्टरपंथियों के निशाने पर आ गई हैं। उन्हें दुष्कर्म और जान से मारने की ऑनलाइन धमकियां दी जा रही हैं। वजह आठ मार्च को महिला दिवस पर लाहौर, कराची सहित कई शहरों में महिलाओं के हक की मांग को लेकर आयोजित औरत मार्च।

इस मार्च में शामिल कुछ महिलाओं के पोस्टरों में लिखे नारे से कट्टरपंथी खपा हैं। कट्टरपंथियों का आरोप है कि मार्च में महिलाओं ने जो पोस्टर-तख्तियां ली थीं, उन पर आपत्तिजनक नारे लिखे थे। पोस्टरों में लिखा था- ‘तलाकशुदा और खुश।’ ‘मैं ही रोटी क्यों बेलूं, आप भी बेलो’, ‘आप भी चूल्हा जलाओ।’ ‘क्या पराठा बेलने में लिंगभेद नहीं है?’ ‘मुझे खुद के औरत होने पर गर्व है।’

पोस्टर पर लिखे बदलाव वाले नारे

एक पोस्टर पर पुरुषों को अपनी जुराबें खुद खोजने की बात लिखी थी। एक नारे में पुरुषों को अपना खाना खुद गर्म करने की नसीहत लिखी थी।इन नारों पर पाकिस्तान के फिल्म अभिनेता शान शाहिद ने ट्विटर पर लिखा- ‘मुझे नहीं लगता कि पोस्टर्स हमारी संस्कृति और मूल्यों को दिखाते हैं।’ वहीं, एक धार्मिक संगठन ने औरत मार्च की आयोजकों के खिलाफ केस भी किया है। वहीं, निघत दाद ने ऑनलाइन उत्पीड़न के खिलाफ फेडरल इन्वेस्टिगेशन ऑथोरिटी में शिकायत दर्ज कराने की बात कही है।

पाक महिलाओं के लिए 6वां सबसे खतरनाक देश है
2018 में किए गए एक जनमत सर्वेक्षण अनुसार पाकिस्तान महिलाओं के लिए छठवां सबसे खतरनाक देश है। ऐसे देश में महिलाओं के हक की मांग ऐसे मार्च निकालना वास्तव में खतरे से खेलने से कम नहीं है। ह्यूमन राइट्स वाच की रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल पाकिस्तान में 1000 महिलाओं की हत्या झूठे सम्मान के नाम पर हुई।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Dear men heres why Pakistans women are asserting their rights
Dear men heres why Pakistans women are asserting their rights

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/dear-men-heres-why-pakistans-women-are-asserting-their-rights-01500851.html

फिर आएगा कम ब्याज का दौर, ग्लोबल बाजारों में तेजी


अमेरिका द्वारा भारत को जनरलाइज्ड सिस्टम ऑफ प्रेफरेंसेज (जीएसपी) व्यवस्था से बाहर करने का दोनों देशों के संबंधों पर असर पड़ना तय है। इस व्यवस्था के तहत भारत सालाना 5.6 अरब डॉलर का निर्यात करता था, जिस पर अमेरिका कोई शुल्क नहीं लगाता था। इन पर कुल मिलाकर 19 करोड़ डॉलर का शुल्क लगेगा। जवाब में भारत अमेरिका से आयात होने वाले 29 वस्तुओं पर शुल्क बढ़ा सकता है। पिछले साल अमेरिका को भारत का निर्यात 48.6 अरब डॉलर से बढ़कर 54.4 अरब डॉलर हो गया था। अमेरिका से आयात भी 25.7 अरब डॉलर से बढ़कर 33 अरब डॉलर हुआ है। इंग्लैंड में थेरेसा मे की सरकार ब्रेक्जिट पर वोटिंग में हार गई है। इससे एक बार फिर भ्रम की स्थिति बन गई है। माना जा रहा है कि अब ब्रेक्जिट 30 जून तक टल गया है। यह इससे आगे भी बढ़ सकता है। यूरोप में इस कन्फ्यूजन के बाद अमेरिका, यूरोप और जापान तीनों के सेंट्रल बैंक ने ग्लोबल विकास दर का अनुमान घटा दिया है। उन्होंने संकेत दिए हैं कि आगे मौद्रिक नीति में ब्याज दरें कम रखने की कोशिश होगी ताकि ग्रोथ को बढ़ावा मिल सके। इससे दुनिया भर के बाजारों में रैली तेजी आई है।

माइंडट्री: 1,000 करोड़ का बायबैक कर सकती है कंपनी
आईटी कंपनी माइंडट्री 20 मार्च को बोर्ड बैठक में शेयर बायबैक के प्रस्ताव पर विचार करेगी। इस बीच एलएंडटी के बोर्ड ने माइंडट्री में वीजी सिद्धार्थ की 21% हिस्सेदारी खरीदने पर सहमति दे दी है। सिद्धार्थ कैफे कॉफी डे के संस्थापक भी हैं। माइंडट्री ने बायबैक के आकार के बारे में कुछ नहीं कहा है पर माना जा रहा है कि यह 1,000 करोड़ का हो सकता है। ऐसे समय जब बड़ा शेयरहोल्डर कंपनी से निकल रहा हो, तब बायबैक सामान्य नहीं कहा जा सकता है। आमतौर पर बायबैक से शेयरों के दाम बढ़ जाते हैं।

रुचि सोया में बैंकों को 60% कर्ज छोड़ना पड़ सकता है
बाबा रामदेव की पतंजलि आयुर्वेद ने दिवालिया कंपनी रुचि सोया को खरीदने के लिए 4,359 करोड़ रुपए की बोली लगाई है। यह रकम बैंकों की कर्ज अदायगी में इस्तेमाल होगी। इसके अलावा पतंजलि इसमें 1,700 करोड़ और निवेश करेगी। बैंक इस ऑफर पर राजी होते हैं तो उन्हें 60% कर्ज छोड़ना पड़ेगा। अदानी विल्मर ने रुचि के लिए पिछले साल अगस्त में 4,300 करोड का प्रस्ताव दिया था। लेकिन देरी के कारण जनवरी 2019 में उसमें प्रस्ताव वापस ले लिया।

गैस पाइपलाइन बेचकर मुकेश अंबानी को 13,000 करोड़ मिलेंगे
कनाडा की इन्वेस्टमेंट फर्म ब्रूकफील्ड की अगुवाई वाली इंडिया इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट मुकेश अंबानी की ईस्ट वेस्ट पाइप लाइन को 13,000 करोड रुपए में खरीदेगी। पहले इस कंपनी का नाम रिलायंस गैस ट्रांसपोर्टेशन इंफ्रास्ट्रक्चर था। 1400 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन आंध्र प्रदेश मैं काकीनाडा से गुजरात के भरूच को जोड़ती है। रिलायंस के तीन प्रोजेक्ट में 2020 से उत्पादन शुरू होने की उम्मीद है। इसे रिलायंस इंडस्ट्रीज और उसकी साझीदार कंपनी बीपी के लिए गेमचेंजर माना जा रहा है। इन्होंने इसमें करीब 40,000 करोड़ रुपए का निवेश किया है। इस फील्ड में 3 लाख करोड़ घन फुट गैस होने का अनुमान है।

अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस कैपिटल, रिलायंस निप्पन लाइफ एएमसी में 42.88% हिस्सेदारी बेचने के लिए ग्लोबल निवेशकों से बात कर रही है। निप्पन लाइफ, रिलायंस कैपिटल का म्यूचुअल फंड बिजनेस देखती है। इसे बेचने अबूधाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी, सिंगापुर की टेमासेक, ओंटारियो टीचर्स पेंशन प्लान के अलावा प्राइवेट इक्विटी फंडों के साथ बात चल रही है।

देवांग्शु दत्ता, कंट्रीब्यूटिंग एडिटर, बिजनेस स्टैंडर्ड



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
low interest rates regime will return again global markets up

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/low-interest-rates-regime-will-return-again-global-markets-up-01500848.html

कैसे इन चमकदारों ने अपनी चमक खो दी


इस चुनाव में ऐसे कई चेहरे होंगे, जिनकी न तो पहले जितनी चमक होगी, ना धमक होगी। आज पढ़िए इन्हीं चेहरों के बारे में वे कैसे अपनी चमक खो बैठे...



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
लालकृष्ण आडवाणी

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/condition-of-many-big-leaders-in-lok-sabha-elections-2019-01500787.html

कोई परिवार दुख में हो तो अकेलापन महसूस न करे, इसलिए उनकी मदद को हाजिर है 10 लोगों का ग्रुप


संदीप राजवाड़े,रायपुर.राजधानी में रामकुंड एरिया के 10 युवाओं और महिलाओंका समूह किसी भी परिवार की दुख की घड़ी में अपना कामकाज छोड़कर उनकी मदद में जुटा हुआहै। अगर किसी को पैसों की जरूरत हो तो यह समूह चंदा करता है, जरूरतमंद बच्चों के लिए शिक्षा का इंतजाम भी करता है। आर्थिक रूप से कमजोर होने के बाद भी ये समूह पिछले तीन साल में 25 से ज्यादा परिवारों की इस तरह मदद कर चुका है, ताकि दुख में वे अकेला महसूस न करें।

चौबे कॉलोनी और रामकुंड एरिया में रहने वाले फजिंदर हरपाल और किरण बाघ ने करीब तीन साल पहले यह पहल की। शुरू में एक-दो लोग साथ आए। फजिंदर ने बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर थे, बचपन में देखते थे कि किसी के घर में कोई मौत हो जाए तो अंतिम संस्कार के भी पैसे नहीं होते थे। तब सोचा कि इसके लिए आगे आना होगा। किरण बताती हैं कि वह खुद भी आर्थिक रूप से बहुत मजबूत नहीं हैं। शायद इसीलिए इस परेशानी को महसूस किया। अगर रामकुंड, समता कॉलौनी, चौबे कॉलोनी और गीता नगर में किसी के यहां भी विपत्ति आए और हमें पता हो तो खुद पहुंच जाते हैं।

काम छोड़कर करते हैं मदद
फजिंदर ने बताया कि 10 सदस्य ऐसे हैं जो नियमित रूप से किसी के घर से ऐसी दुखद सूचना आई तो अपना कामकाज छोड़कर उनके लिए आजाते हैं। हाल ही रामकुंड में दो घरों के तीन दिन से लापता 8-8 साल के बच्चों का शव तालाब में मिला। दोनों के पिता पहले ही गुजर चुके थे और माताएं किसी तरह घरेलू काम करके उन्हें पाल रही थीं। हर घर पहुंचे और देखा कि उनकी आर्थिक स्थिति बहुत दयनीय है। तब उन परिवारों के लिए लोगों से मदद मांगी और काफी रकम जोड़कर दी।

उन्होंने बताया कि पहले तो लोग मदद करने से पहले तहकीकात करते थे। लेकिन अब वे ही हमेशा तैयार रहते हैं मदद के लिए। लोगों को राहत मिलती देख इस समूह में उमा नंद, सुनीता विभार, सीमा साहू और रेखा समेत लगभग 150 लोग जुड़ चुके हैं।
इसमें कालेज छात्रों के साथ कामकाजी महिलाएं भी हैं।

सरकारी कामकाज में भी हाजिर
समूह के लोग दुख के साथ ऐसे जरूरतमंद परिवारों की सरकारी कामकाज और दफ्तरों तक दौड़-धूप करते हैं। किसी बुजुर्ग या महिला का कोई काम नगर निगम, कलेक्टोरेट या अन्य दफ्तर में लंबे समय से नहीं हो रहा है, या वे अकेली हैं तो समूह के सदस्य उनके साथ जाते हैं। इसी तरह जरूरतमंद परिवार के बच्चों की पढ़ाई के लिए वे आरटीई के तहत ऐसे स्कूलों का तलाश भी करते और उन्हें दाखिला दिलाते हैं, जहां वे बच्चे अच्छे से पढ़ सके।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
therefore help is to present a group of 10 people If a family in misery and feel lonely

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/therefore-help-is-to-present-a-group-of-10-people-if-a-family-in-misery-and-feel-lonely-01500847.html

पीएम मोदी, शाह सहित कई भाजपा नेता "चौकीदार' बने


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्विटर पर अपना नाम बदल दिया है। उन्होंने भाजपा के चुनावी कैंपेन "मैं भी चौकीदार' (Main Bhi Chowkidar) के तहत अपने ट्विटर हैंडल का नाम नरेंद्र मोदी से बदलते हुए चौकीदार नरेंद्र मोदी कर लिया है। उनके बाद बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह सहित कई नेताओं ने ट्विटर पर अपने नाम के आगे चौकीदार लगा लिया है।

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कई बार अपने भाषणों में "चौकीदार चोर है' कहा था। मोदी ने इसे ही चुनावी प्रचार में शामिल कर लिया। उन्होंने 15 मार्च को अपने ट्विटर से वीडियो जारी कर "मैं भी चौकीदार' से चुनावी मुहिम की शुरुआत की और कहा ‘आपका यह चौकीदार राष्ट्र की सेवा में मजबूती से खड़ा है, लेकिन मैं अकेला नहीं हूं। हर कोई जो भ्रष्टाचार, गंदगी, सामाजिक बुराइयों से लड़ा रहा है, वह एक चौकीदार है।’

वीडियो के आखिर में 31 मार्च को शाम 6 बजे मोदी से जुड़ने की अपील की गई है। 2014 के लोकसभा चुनाव में मणिशंकर अय्यर के ‘चायवाला' टिप्पणी को भी भाजपा ने चुनाव अभियान का हिस्सा बनाया था।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
PM Modi changed his name on twitter

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/pm-modi-changed-his-name-on-twitter-01500793.html

1967: जब बरसते पत्थरों के बीच भी नहीं रोका था भाषण


यह वो वक्त था जब इंदिरा गांधी को प्रधानमंत्री बने एक साल ही हुआ था। यही वो पहली तस्वीर थी, जिसने देश काे इंदिरा की ताकत दिखाई थी। तब ओडिशा स्वतंत्र पार्टी का गढ़ हुआ करता था। जैसे ही इंदिरा ने यहां चुनावी रैली को संबोधित करना शुरू किया। वहां मौजूद भीड़ ने उन पर पत्थरों की बरसात शुरू कर दी।


स्थानीय नेताओं ने इंदिरा से भाषण खत्म करने का आग्रह किया। इसके बावजूद इंदिरा रुकी नहीं। बोलना जारी रखा। वे भीड़ से कह रही थीं... क्या इसी तरह आप देश को बनाएंगे? क्या आप इसी तरह के लोगों को वोट देंगे। तभी एक पत्थर उनकी नाक पर आ लगा। उसमें से खून बहने लगा। इंदिरा ने दोनों हाथों से बहते खून को पोंछा। उनकी नाक की हड्‌डी टूट गई थी।

अगले कई दिनों तक उन्होंने चेहरे पर प्लास्टर लगाए हुए पूरे देश में चुनाव प्रचार किया। इंदिरा गांधी ने बाद में इस पर मजाक में भी कहा था: मेरी शक्ल बिल्कुल ‘बैटमैन’ जैसी हो गई है।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
‘बैटमैन इंदिरा’

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/historic-picture-of-indira-gandhi-in-elections-01500791.html

अटलजी बोले- बढ़िया रहेगा...खबर छपेगी ‘वाजपेयी डेड’


1993 में हिमाचल में चुनाव थे। वाजपेयी, भाजपा नेता बलबीर पुंज और दो लोग छोटे विमान से धर्मशाला जा रहे थे। वाजपेयी सो रहे थे। तभी विमान का सह-पायलट कॉकपिट से निकला और उसने कहा, ‘क्या आप पहले कभी धर्मशाला आए हैं?’ पुंज ने पूछा ‘लेकिन आप ये क्यों पूछ रहे हैं?’ पायलट बोला ‘हमें धर्मशाला मिल नहीं रहा। एटीसी से भी कोई संपर्क नहीं हो पा रहा’ पुंज ने कहा, ‘बस इसे चीन मत ले जाना।’ तभी वाजपेयी की आंख खुली तो उन्होंने कहा ‘सभा का समय हो रहा है, हम कब उतर रहे हैं?’

पुंज ने उन्हें सब हाल बताया तो वाजपेयी बोले ‘यह तो बहुत बढ़िया रहेगा। खबर छपेगी- वाजपेयी डेड। गन कैरेज में जाएंगे।’ पुंज ने अटलजी से कहा ‘आपके लिए तो ठीक है, मेरा क्या होगा?’ वाजपेयी बोले ‘यहां तक साथ आए हैं तो वहां भी साथ चलेंगे।’ फिर वाजपेयीजी बोले ‘अगर जागते हुए विमान क्रैश हुआ तो बहुत तकलीफ होगी।’ इतना कहकर वो दोबारा सो गए। बाद में इंडियन एयरलाइंस के एक विमान से संपर्क हुआ और कुल्लू में लैंडिंग हो पाई।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
elections stories of atal bihari vajpayee

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/elections-stories-of-atal-bihari-vajpayee-01500789.html

धुआं देखते ही आग की रिपोर्ट लिखने का धर्म- कुमार विश्वास की व्यंग्य शृंखला


कमरे में दाखिल होते हुए बिना कुछ पूछे हाजी किसी खिसियाए ट्रैफिक कॉन्स्टेबल की तरह हाथ उठाकर बोले, ‘ना! ना, बिल्कुल नहीं। तुम जो पूछने वाले हो वो बिल्कुल मत पूछना।’ मैंने पूछा, ‘क्या मत पूछना? तुम्हें क्या पता मैं क्या पूछने वाला था?’ हाजी बोले, ‘तुम यही पूछने वाले हो न कि किस पार्टी के टिकट से चुनाव लड़ूं? ये सवाल बिल्कुल मत पूछना।’

मैंने मोबाइल एक तरफ रखते हुए हाजी को घूरा, ‘तुम क्यों मीडियापे पर उतर आए हो हाजी? बिना सिर-पैर की बात तुम करते तो थे, लेकिन इस बार तो बिना धड़ की कर दी!’ हाजी हंसे फिर भंगिमा बनाकर बोले, ‘यार महाकवि तुम भी न कमाल के आदमी हो! रोज नई पार्टी की खबर छपती है तुम्हारे बारे में! हर पार्टी टिकट दे रही है! पहली बार ऐसा सुना कि आदमी तय है, सीट तय है, लड़ना तय है, पार्टी तय नहीं हो पा रही है।’

मैं खुद मीडिया में यह खबर पढ़-पढ़ कर थका हुआ था। मैंने कहा, ‘भई हाजी पता करो, इनके ये विश्वस्त सूत्र कौन होते हैं जो खबर लाने की बजाए खबर बनाने में यकीन रखते हैं? ऐसी खबरें बनाने वाले अखबार की बजाए उपन्यास लिखें तो बड़े-बड़े चेतन जड़ हो जाएं!’

हाजी अचानक मनुष्यतावादी होते हुए बोले, ‘अरे क्या बात कर रहे हो महाकवि! इनका धर्म है कि धुआं देखते ही आग की रिपोर्ट लिखें। पर प्रकृति गजब चीज है! एक तुम हो जो हर पार्टी में इतने मित्र बनाए हुए हो कि सबको लगता है कि पता नहीं किस मित्र के यहां की खीर को ‘हां’ कह दो और एक तुम्हारा मित्रहंता मित्र है कि दर-दर गठबंधन की भीख मांग रहा है और रोज हर द्वार से दुत्कारा जा रहा है!

मेरा मानना है कि किसी न किसी को ‘हां’ कह ही दो। हर मित्र दुष्ट और कमजर्फ निकले ऐसा जरूरी तो नहीं!’ फिर हाजी ने पैंतरा बदला, ‘लेकिन ये भी कमाल ही है! देश मजे ले रहा है कि एक को ‘लगभग’ सब मना रहे हैं और एक को ‘लगभग’ सबने मना कर

दिया है! खैर, छोड़ो, अभी बाहर देखा, होलिका दहन की तैयारी हो गई है। एक चिंटू कुछ पंक्चर टायर उठा लाया था कि होली के साथ ही जला दो। लेकिन मुहल्ला समिति वालों ने ‘लगभग मनाकर दिया’ कि पंक्चर टायर को अपनी होलिका पर नहीं जलाने देंगे। अब टायर बिचारे सड़क पर पड़े हैं, न चलाने के, न जलाने के! कैसे-कैसे दिन देखने पड़ते हैं। अमीर मीनाई का शेर पढ़ा था तुम्हारी दी हुई किताब में ही -

‘हुए नामवर बेनिशां कैसे-कैसे
जमीं खा गई आसमां कैसे-कैसे’



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
कुमार विश्वास, व्यंग्यकार

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/mahabharat-2019-kumar-vishwas-satire-series-01500813.html

गोवा के गली बॉय थे मनोहर पर्रिकर


डॉ. मनोहर गोपालकृष्णन प्रभु पर्रिकर गोवा के 4 बार मुख्यमंत्री रहे। पहली बार 2000 से 2002 तक, दूसरी बार 2002 से 2005, तीसरी बार 2012 से 2014 और चौथी बार 14 मार्च 2017 से अब तक वह राज्य के सीएम रहे। 2017 में जब भाजपा गोवा विधानसभा चुनाव में बहुमत से दूर थी, तब दूसरे दलों ने पर्रिकर को सीएम बनाने की शर्त पर ही समर्थन दिया था।

इसके चलते वह दिल्ली से फिर गोवा चले गए। वह कुल ढाई साल देश के रक्षा मंत्री रहे। पर्रिकर बचपन से ही संघ से जुड़ गए थे। 26 साल में वह अपने गांव में शाखा प्रमुख बन गए थे। पहला आम चुनाव 1991 में लड़ा, पर हार गए। 1994 के विधानसभा चुनाव में वह पहली बार जीते थे। जून 1999 में वह नेता प्रतिपक्ष बने।

बात, 2013 की है। गोवा में भाजपा अधिवेशन शुरू हुआ। पूरे देश में बहस छिड़ी हुई थी कि मोदी पीएम पद के उम्मीदवार होंगे या नहीं। पर भाजपा की ओर से मोदी का नाम कोई खुलकर आगे बढ़ाने को तैयार नहीं था। इसी अधिवेशन के मंच से पहली बार पर्रिकर ने मोदी के नाम को पीएम पद के उम्मीदवार के लिए प्रस्तावित किया।

मोदी 2014 में प्रधानमंत्री बने तो उन्होंने पर्रिकर से रक्षा मंत्री का पद संभालने को कहा। शुरुआत में पर्रिकर राजी नहीं थे, फिर उन्होंने 2 महीने का समय मांगा और फिर दिल्ली आ गए। पर्रिकर के समय में ही 28–29 सितंबर 2016 को सेना ने पीओके में सर्जिकल स्ट्राइक की थी।

शख्सियत: लोग उन्हें स्कूटर वाला सीएम कहते थे
मनोहर पर्रिकर की सादगी का हर कोई कायल रहता था। वह सीएम रहते हुए भी स्कूटर से ऑफिस जाते थे। लोग उन्हें स्कूटर वाला सीएम भी कहते थे। पर्रिकर हाफ शर्ट पहनना पसंद करते थे। वह वीआईपी रेस्तरां की बजाय फुटपाथ पर चाय-नाश्ता किया करते थे। यहीं से मोहल्लों की खबर जुटा लिया करते थे। वह कहते थे- चाय स्टॉल पर सभी नेताओं को चाय पीनी चाहिए, राज्य की सारी जानकारी यहां मिल जाती हैं। वह पंक्ति में लगकर खाना खाते थे, अपना काम भी लाइन में लगकर ही करवाते थे। उन्हें हूटर लगी गाड़ियां पसंद नहीं थीं।

याराना: दोस्त को बचाने के लिए खुद शराब ले ली
पर्रिकर ने एक बार कॉलेज के दिनों की जिक्र करते हुए बताया था कि हॉस्टल में मेरा एक साथी सिगरेट, शराब पीता था, वह ब्राह्मण परिवार से था। एक दिन मैं कमरे उसी साथी के साथ बैठा था। लड़के के हाथ में सिगरेट और एक पेग था। अचानक कमरे में लड़के पिताजी आ गए। वह परेशान हो गया। मैं इन चीजों को हाथ नहीं लगाता था, पर उस दिन मैंने दोस्त के हाथ से सिगरेट-शराब लेकर बाहर निकल गया। उसके पिता ने कहा कि बेटा ऐसे बच्चों की संगत में फिर कभी मत रहना।

आईआईटी पास देश के पहले मुख्यमंत्री :

पढ़ाई - पर्रिकर सीएम बनने वाले देश के पहले आईआईटियन हैं। 1978 में उन्होंने आईआईटी मुंबई से मेटलर्जिकल में इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की थी। 2001 में आईआईटी बांबे ने उन्हें एल्यूमिनी अवॉर्ड से सम्मानित किया।

परिवार - पर्रिकर की पत्नी का नाम मेधा था, उनकी 1981 में शादी हुई थी। पत्नी का 2001 में कैंसर से मौत हो गई थी। पर्रिकर के दो पुत्र हैं, बड़े बेटे उत्पल पर्रिकर इलेक्ट्रिक इंजीनियर हैं। दूसरे बेटे अभिजीत व्यवसाय करते हैं।

विवाद - पर्रिकर उस समय विवाद में आए जब 2001 में 51 सरकारी स्कूलों को संघ की शैक्षणिक शाखा विद्या भारती को दे दिया था। 2014 में ब्राजील में फुटबाल वर्ल्डकप को देखने के लिए पर्रिकर के 3 मंत्री गए थे। इस पर 89 लाख खर्च हुए थे। आलोचना पर बोले-वे सरकार के खर्चे से नहीं गए थे।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
तस्वीर पर्रिकर के सीएम रहने के दौरान की है। वह अक्सर स्कूटर से ही सीएम दफ्तर निकल जाते थे।

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/manohar-parrikar-was-gully-boy-of-goa-01500809.html

गोवा के मुख्यमंत्री पर्रिकर का 63 की उम्र में निधन, एक साल से कैंसर से जूझ रहे थे


पणजी. गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर (63) का रविवार शाम को निधन हो गया। वह चार बार मुख्यमंत्री रहे। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने उनके निधन की जानकारी देते हुए ट्वीट किया।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पर्रिकर मॉडर्न गोवा के निर्माता थे, उनके फैसलों ने भारतीय रक्षा क्षमताओं को बढ़ाया।सोमवार 11 बजे केंद्रीय कैबिनेट उन्हें श्रद्धांजलि देगी। केंद्र सरकार ने पर्रिकर के निधन के चलतेसोमवार को राष्ट्रीय शोक घोषित किया है।

पर्रिकर के रक्षामंत्रीरहते पीओके में सर्जिकल स्ट्राइक हुई

पर्रिकर ने 2014 से 2017 तक रक्षामंत्री का पदभार संभाला। उन्हीं के कार्यकाल मेंभारतीय सेना ने पीओके में स्थित आतंकी ठिकानों पर सर्जिकल स्ट्रॅाइक की थी।पर्रिकर के रक्षा मंत्री रहते हीवन रैंक-वन पेंशन स्कीम लागू हुई।


प्रियंका गांधी ने दी श्रद्धांजलि

प्रियंका ने कहा कि पर्रिकर के परिवार के साथ मेरी संवेदनाएं हैं। मैं उनसे एक बार मिली थी, जब वे दो साल पहले मेरी मां को देखने अस्पताल आए थे। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे।

आजशाम 5 बजे होगा अंतिम संस्कार
पर्रिकर का पार्थिव शरीर सोमवार को सुबह 9.30 से 10.30 तक पणजी के भाजपा कार्यालय में रखा जाएगा। इसके बाद पार्थिव देहको कला अकादमी लाया जाएगा, जहां 4 बजे तक आम लोग उन्हें श्रद्धांजलि दे सकेंगे। कंपाल स्थित एसएजी मैदान में 5 बजे पर्रिकर का अंतिम संस्कार होगा।

मुख्यमंत्री बनने वाले पहले आईआईटीयन थे पर्रिकर
13 दिसंबर 1955 को गोवा के मापुसा में जन्मे पर्रिकर पहले ऐसे मुख्यमंत्री थे जो आईआईटी से पासआउट थे। वह चार बार 2000-2002, 2002-05, 2012-2014 और 14 मार्च 2017-17 मार्च 2019 तक चार बार मुख्यमंत्री रहे।2014 में जब केंद्र में भाजपा की सरकार बनी थी, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नेकहाकि वह गोवा की राजनीति छोड़कर केंद्र की राजनीति में आएं। इसके बाद पर्रिकर को रक्षामंत्री बनाया गया था।

पत्नी का भी कैंसर से निधन हुआ था
पर्रिकर की पत्नी मेधा का 2001 में कैंसर से निधन हो गया था। उनके दो बेटे उत्पल और अभिजात हैं। उत्पल ने अमेरिका की मिशिगन स्टेट यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। अभिजात कारोबारी हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Goa Chief Minister Manohar Parrikar's health condition is Extremely Critical Updates

Click here to Read full Details Sources @ /national/news/goa-chief-minister-manohar-parrikar-s-health-condition-is-extremely-critical-updates-01500773.html

क्या शादी के बाद पति की संपत्ति में पत्नी का होता है अधिकार? जानिए क्या कहता है कानून


न्यूज डेस्क। शादी के बाद हर महिला को कुछ अधिकार मिल जाते हैं। हमने हाईकोर्ट एडवोकेट संजय मेहरा से बात कर जाना कि संपत्ति के मामले में महिला को शादी के बाद कौन से अधिकार मिल जाते हैं। देखिए वीडियो।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Women leagl rights

Click here to Read full Details Sources @ /national-news/news/women-leagl-rights-6035497.html

किसान अब कर रहे इस अमेरिकन फल की खेती, एक बार लगाने पर 25 सालों तक दे सकता है मुनाफा, न ज्यादा पानी देना होता है न बहुत ज्यादा रख-रखाव की जरूरत


न्यूज डेस्क। उत्तर प्रदेश में अब किसान ऐसे अमेरिकन फल की खेती कर रहे हैं, जिसकी एक बार की फसल 25 सालों तक मुनाफा देती है। इसमें पानी भी काफी कम लगता है। वीडियो में देखिए पूरी डिटेल।

आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
dragon fruit cultivation in india

Click here to Read full Details Sources @ /national-news/news/dragon-fruit-cultivation-in-india-6035506.html

SHARE THIS


Subscribe via Email


Explore Jobs/Opportunities
West Bengal Jobs / Opportunities / Career
Sarkari Naukri Jobs / Opportunities / Career
Assam Jobs / Opportunities / Career
Explore Articles / Stories
Education
Government Schemes
News
Career
Admit Card
Study Material
Bihar
State Government Schemes
Technology
DATA
Public Utility Forms
Travel
Sample Question Paper
Exam Result
Employment News
Scholorship
Business
Astrology
Syllabus
Festival
Explore more
Main Page
Register / Login
Like our Facebook Page
Follow on Twitter
Subscrive Our Newsletter Via Nuzzle
Get Updates Via Rss Feed
Sarkari Niyukti
Free Online Practice Set
Latest Jobs
Feed contents
Useful Links
Photo
Video
Post Jobs
Post Contents
Supremedeal : India Business Directory
Find IFSC Code
Find Post Office / Pincode
Contact us
Best Deal

Disclaimer: we only provide job information. we are not associated with any job website. Although we take extreme care for accuracy of the information provided, but you must check the authenticity of the website before applying for the job. We are not responsible for your operation , once you leave our website and apply thereafter. Please recheck the genuineness of the job website from yourself also.

Copyright © 2018. Website template by WebThemez.com